दिल्ली के मालवीय नगर स्थित होटल अग्निकांड मामले में पुलिस जांच तेज हो गई है। इस दर्दनाक हादसे में 21 लोगों की मौत और 28 अन्य के घायल होने के बाद दिल्ली पुलिस ने एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार व्यक्ति होटल का रसोइया केशव नेगी (65) है, जो दिलशाद गार्डन का निवासी है। जांच एजेंसियों के अनुसार प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि उसकी कथित लापरवाही के कारण आग लगी, जिसने देखते ही देखते पूरे भवन को अपनी चपेट में ले लिया।
यह हादसा 3 जून को मालवीय नगर के हौज रानी इलाके में स्थित फ्लोरिश स्टे होटल में हुआ था। पांच मंजिला इमारत में लगी आग तेजी से फैल गई, जिससे अंदर मौजूद लोग फंस गए। यह हाल के वर्षों में राष्ट्रीय राजधानी में हुई सबसे भयावह अग्नि दुर्घटनाओं में से एक मानी जा रही है।
जांच में होटल में कई गंभीर सुरक्षा खामियां सामने आई हैं। अधिकारियों के अनुसार होटल के पास अनिवार्य फायर एनओसी (No Objection Certificate) नहीं थी। इसके अलावा इमारत में केवल एक प्रवेश और निकास मार्ग था, खिड़कियां स्थायी रूप से बंद थीं और मुख्य प्रवेश द्वार सेंसर आधारित था। इन कमियों के कारण आपात स्थिति में लोगों को बाहर निकालने में भारी कठिनाई हुई।
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मृतकों में 10 भारतीय नागरिक, 9 अफ्रीकी देशों के नागरिक और तुर्कमेनिस्तान के 2 नागरिक शामिल हैं।
इससे पहले पुलिस होटल मालिक लवकेश बजाज को गिरफ्तार कर चुकी है। उन पर गैर-इरादतन हत्या, आग से नुकसान पहुंचाने, लोगों की जान खतरे में डालने और अन्य गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। साकेत कोर्ट ने उन्हें चार दिन की पुलिस हिरासत में भेजा है।
जांच के दौरान लवकेश बजाज का नाम एक अन्य मामले में भी सामने आया है, जिसमें उन पर कथित रूप से बांग्लादेशी नागरिकों को भारतीय पहचान दस्तावेज दिलाने में मदद करने का आरोप है।
घटना के बाद दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने उच्चस्तरीय बैठक कर राजधानी में अग्नि सुरक्षा मानकों और अवैध निर्माणों की समीक्षा के निर्देश दिए हैं। सरकार ने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
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