रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने पाकिस्तान में अमेरिका और ईरान के बीच हुई असफल वार्ता के बाद ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेश्कियन से बात की और मध्य पूर्व में शांति स्थापित करने के लिए मध्यस्थता की पेशकश की। शनिवार को 21 घंटे चली उच्च स्तरीय वार्ता में कोई समझौता नहीं हो सका, क्योंकि ईरान ने अमेरिका के उस प्रस्ताव को अस्वीकार कर दिया था, जिसमें कहा गया था कि ईरान को परमाणु हथियार बनाने से रोका जाए।
पुतिन ने इस वार्ता के बाद ईरान को भरोसा दिलाया कि रूस शांतिपूर्ण समाधान के लिए मदद करने के लिए तैयार है। उन्होंने कहा कि रूस मध्य पूर्व में एक न्यायपूर्ण और स्थायी शांति स्थापित करने के लिए हर संभव मदद करेगा।
ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेश्कियन ने पुतिन से हुई बात को लेकर धन्यवाद दिया, जो स्थिति को शांत करने के लिए बनाई गई थी। पुतिन और पेज़ेश्कियन ने क्षेत्रीय और अंतर्राष्ट्रीय घटनाक्रमों पर चर्चा की, जिनमें संघर्ष विराम की स्थिति भी शामिल थी।
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इससे पहले, अमेरिका के उपराष्ट्रपति जे.डी. वांस ने रविवार को इस्लामाबाद में बताया कि अमेरिका और ईरान के बीच वार्ता असफल रही। उन्होंने कहा कि अमेरिका ने ईरान से परमाणु हथियारों को विकसित करने से रोकने की स्पष्ट प्रतिबद्धता की मांग की थी, लेकिन इस पर कोई समाधान नहीं हुआ।
अब यह देखना होगा कि 22 अप्रैल को समाप्त होने जा रहे संघर्ष विराम की स्थिति क्या होगी।
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