सैन डिएगो की सबसे बड़ी मस्जिद, इस्लामिक सेंटर में गोलीबारी की घटना में तीन लोग मारे गए। पुलिस ने बताया कि यह हमला नफरत अपराध (Hate Crime) के रूप में जांच के दायरे में है।
घटना के अनुसार, दो किशोर हमलावरों ने मस्जिद में गोली चला दी, जिससे तीन पुरुषों की मौत हुई। इसके कुछ ही ब्लॉकों दूर, दोनों हमलावरों ने आत्महत्या कर ली।
सैन डिएगो पुलिस प्रमुख स्कॉट वाल ने मस्जिद के सामने एक पड़ोस के पार्क में आयोजित कॉन्फ्रेंस में कहा कि यह घटना नफरत से प्रेरित अपराध के रूप में देखी जा रही है। उन्होंने कहा कि पुलिस पूरी तरह से घटना की जांच कर रही है और पीड़ित परिवारों को हर संभव सहायता प्रदान की जा रही है।
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घटना के तुरंत बाद मस्जिद और आसपास का क्षेत्र सील कर दिया गया और सुरक्षा बल घटनास्थल पर तैनात किए गए। पुलिस ने नागरिकों से शांति बनाए रखने और अफवाहों से बचने का अनुरोध किया।
स्थानीय मुस्लिम समुदाय और नागरिक संगठनों ने घटना की कड़ी निंदा की है और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
यह घटना अमेरिका में बढ़ती सांप्रदायिक हिंसा और नफरत अपराध की चिंता को और बढ़ा रही है। पुलिस का कहना है कि दोषियों को न्याय के कटघरे में लाने के लिए जांच जारी है और समुदाय की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है।
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