थाईलैंड की एक आपराधिक अदालत ने निवेश धोखाधड़ी और मनी लॉन्ड्रिंग के आरोप में विदेशी कारोबारी बेन स्मिथ और उनकी पत्नी कैटालिया बीवर के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किए हैं। पुलिस के अनुसार, एक विदेशी निवेशक से कथित तौर पर 3 करोड़ डॉलर से अधिक की ठगी की गई।
थाईलैंड के सेंट्रल इन्वेस्टिगेशन ब्यूरो (सीआईबी) ने सोमवार, 2 मार्च 2026 को जारी बयान में कहा कि बेन स्मिथ, जिन्हें कुछ रिपोर्टों में दक्षिण अफ्रीकी बेंजामिन माउरबर्गर के रूप में भी पहचाना गया है, और उनकी पत्नी कैटालिया बीवर पर 2016 से “सीमापार निवेश धोखाधड़ी” का आरोप है।
सीआईबी के मुताबिक, स्मिथ (47) और बीवर (40) ने एक विदेशी नागरिक को शेयर बाजार, रियल एस्टेट, निजी जेट और ऊर्जा कारोबार में निवेश का झांसा दिया। उन्होंने खुद को निवेश विशेषज्ञ बताकर 11% तक रिटर्न का वादा किया और भरोसा जीतकर पीड़ित से एक अरब (करीब 31.8 मिलियन डॉलर) ट्रांसफर करवा लिए।
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थाईलैंड के कार्यवाहक प्रधानमंत्री अनुतिन चार्नवीराकुल ने कहा कि सरकार धोखाधड़ी और मनी लॉन्ड्रिंग के खिलाफ सख्त कार्रवाई की नीति पर चल रही है, “चाहे आरोपी कोई भी हो।”
एंटी-मनी लॉन्ड्रिंग कार्यालय ने बताया कि पिछले सप्ताह स्मिथ और अन्य आरोपियों से 410 मिलियन डॉलर से अधिक की संपत्ति जब्त करने की प्रक्रिया शुरू की गई।
‘व्हेल हंटिंग’ नामक खोजी न्यूज़लेटर ने पहले दावा किया था कि स्मिथ ने थाईलैंड से “बॉयलर रूम” धोखाधड़ी नेटवर्क चलाया था। वहीं, सांसद रंगसीमन रोम ने स्मिथ के खिलाफ टिप्पणी के मामले में मानहानि के आरोपों से इनकार किया है।
बैंकॉक पोस्ट की रिपोर्ट के अनुसार, स्मिथ और उनकी पत्नी पिछले वर्ष थाईलैंड छोड़ चुके हैं।
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