अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अटॉर्नी जनरल पाम बॉन्डी को उनके पद से हटा दिया है। यह फैसला जेफ्री एपस्टीन मामले से जुड़ी फाइलों के प्रबंधन को लेकर बढ़ते विवाद के बीच लिया गया। रिपोर्ट के अनुसार, ट्रंप बॉन्डी के कामकाज से काफी समय से नाराज थे।
पाम बॉन्डी, जो पहले फ्लोरिडा की अटॉर्नी जनरल रह चुकी हैं और ट्रंप की करीबी सहयोगी मानी जाती हैं, एक साल से अधिक समय तक इस पद पर रहीं। उन्होंने अपने कार्यकाल की शुरुआत में न्याय विभाग को राजनीति से दूर रखने का वादा किया था, लेकिन बाद में ट्रंप के राजनीतिक विरोधियों के खिलाफ जांच शुरू करने पर उन्हें आलोचनाओं का सामना करना पड़ा।
डोनाल्ड ट्रंप ने पाम बॉन्डी को “महान देशभक्त और वफादार मित्र” बताते हुए उनके काम की सराहना भी की। ट्रंप ने कहा कि बॉन्डी ने देश में अपराध पर नियंत्रण पाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है और अब वह निजी क्षेत्र में नई जिम्मेदारी संभालेंगी।
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इस बीच, बॉन्डी के डिप्टी टॉड ब्लांश को कार्यवाहक अटॉर्नी जनरल नियुक्त किया गया है।
जेफ्री एपस्टीन से जुड़े यौन तस्करी मामले और उससे संबंधित लाखों दस्तावेजों के प्रबंधन को लेकर बॉन्डी को कांग्रेस के सामने पेश होने के लिए समन भेजा गया था। उन्हें 14 अप्रैल को ओवरसाइट एंड गवर्नमेंट रिफॉर्म कमेटी के सामने बयान देना था।
रिपोर्ट के अनुसार, इस मामले में न्याय विभाग की कमजोर स्थिति और दस्तावेजों के खुलासे को लेकर ट्रंप समर्थकों में भी असंतोष बढ़ रहा था, जिसने इस फैसले को प्रभावित किया।
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