केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने पंजाब में नशे के बढ़ते खतरे और नशा विरोधी कार्यकर्ता परविंदर सिंह झोटा की हत्या को लेकर आम आदमी पार्टी सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने शुक्रवार को कहा कि केंद्रीय गृह मंत्रालय इस मामले में पंजाब सरकार से रिपोर्ट मांगेगा। झोटा की इसी सप्ताह मानसा जिले में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।
सोशल मीडिया मंच पर पंजाबी में एक विस्तृत पोस्ट साझा करते हुए शाह ने मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व वाली सरकार पर राज्य के लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में विफल रहने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि पंजाब में नशीले पदार्थों का कारोबार लगातार बढ़ रहा है और संगठित अपराध का खतरा भी गंभीर होता जा रहा है। नशे के खिलाफ आवाज उठाने वालों की सुरक्षा पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।
शाह ने दिरबा में हुई एक अन्य घटना का भी उल्लेख किया, जहां कथित तौर पर जबरन नशीला पदार्थ दिए जाने के बाद एक व्यक्ति की मौत हो गई थी। उन्होंने कहा कि गृह मंत्रालय इस घटना को लेकर भी पंजाब सरकार से जवाब मांगेगा।
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गृह मंत्री ने कहा कि पंजाब के लोग मुख्यमंत्री भगवंत मान और उनकी सरकार से जवाब चाहते हैं। उन्होंने नशे के नेटवर्क के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई करने और अपराधियों को कथित राजनीतिक संरक्षण मिलने की निष्पक्ष जांच की जरूरत पर जोर दिया।
शाह ने यह भी कहा कि उनकी पार्टी की सरकार बनने पर पंजाब को नशामुक्त, गैंगस्टरमुक्त और सुरक्षित बनाने के लिए पूरी ताकत से काम किया जाएगा। उन्होंने युवाओं का भविष्य सुरक्षित करने, अपराधियों पर सख्त कार्रवाई करने और कानून का शासन स्थापित करने की प्रतिबद्धता जताई।
झोटा की हत्या के मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए सिटी-2 थाने की एसएचओ बियांत कौर को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। गोली चलाने के आरोपी अश्वनी कुमार और उसके सहयोगी विपिन कुमार को गिरफ्तार कर सात दिन की पुलिस हिरासत में भेजा गया है। अश्वनी की पत्नी नीलम रानी और उसके एक अन्य सहयोगी लाडी को भी गिरफ्तार किया गया है। मामले की आगे जांच जारी है।
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