तेलंगाना राज्य सड़क परिवहन निगम (TGSRTC) के कर्मचारी हड़ताल और एक ड्राइवर की आत्महत्या के मामले को लेकर राज्य में राजनीतिक तनाव बढ़ गया है। भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने इस घटना को लेकर तेलंगाना सरकार पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है।
रंगारेड्डी जिले के महेश्वरम बस डिपो में उस समय तनाव की स्थिति बन गई जब पुलिस ने प्रदर्शन कर रहे भाजपा कार्यकर्ताओं को परिसर में प्रवेश करने से रोक दिया। भाजपा कार्यकर्ता टीएसआरटीसी कर्मचारियों की हड़ताल के समर्थन में वहां पहुंचे थे।
भाजपा नेताओं का आरोप है कि सरकार की नीतियों और कर्मचारियों की समस्याओं की अनदेखी के कारण हालात बिगड़े हैं, जिसके चलते एक ड्राइवर को आत्महत्या जैसा कठोर कदम उठाना पड़ा। पार्टी ने इसे प्रशासनिक विफलता करार दिया है और सरकार से जवाबदेही की मांग की है।
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घटना के बाद क्षेत्र में तनाव बढ़ गया और पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करने के लिए अतिरिक्त बल तैनात किया। अधिकारियों ने बताया कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए ही भाजपा कार्यकर्ताओं को बस डिपो परिसर में प्रवेश से रोका गया था।
टीएसआरटीसी कर्मचारियों की हड़ताल कई मांगों को लेकर जारी है, जिसमें वेतन, सेवा शर्तों और अन्य प्रशासनिक मुद्दे शामिल हैं। इस हड़ताल के चलते परिवहन सेवाएं भी प्रभावित हुई हैं, जिससे आम जनता को कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
राजनीतिक दलों के बीच इस मुद्दे को लेकर आरोप-प्रत्यारोप तेज हो गए हैं। भाजपा ने सरकार पर संवेदनहीनता का आरोप लगाया है, जबकि प्रशासन का कहना है कि स्थिति को सामान्य करने के प्रयास किए जा रहे हैं।
इस पूरे घटनाक्रम ने राज्य की राजनीति को और गर्मा दिया है और आने वाले दिनों में इस पर और राजनीतिक प्रतिक्रियाएं देखने की संभावना है।
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