कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने घोषणा की कि अगर कांग्रेस केंद्र में सत्ता में आती है, तो केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (CAPF) कानून को रद्द कर दिया जाएगा। उनका यह बयान राज्यसभा में केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (CAPF) विधेयक के पारित होने के बाद आया, जब विपक्ष ने इसके खिलाफ वॉकआउट किया।
राहुल गांधी ने कहा कि इस कानून से केंद्रीय सुरक्षा बलों के अधिकार बढ़ाने की कोशिश की जा रही है, जो कि केंद्रीय सरकार के अत्यधिक नियंत्रण की ओर इशारा करता है। उनका मानना है कि यह कानून संघीय ढांचे और राज्य सरकारों के अधिकारों का उल्लंघन करता है।
राज्यसभा में इस बिल के पारित होने के दौरान, विपक्ष ने विरोध स्वरूप वॉकआउट किया। विपक्ष का कहना था कि यह बिल केंद्रीय सुरक्षा बलों को अत्यधिक शक्तियां देता है, जिससे उनके अधिकारों का दुरुपयोग हो सकता है।
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राहुल गांधी ने आगे कहा कि कांग्रेस सत्ता में आते ही इस बिल को रद्द करेगी और इसे जनता के हित में वापस लिया जाएगा। उनका कहना था कि यह विधेयक देश की सुरक्षा और लोकतंत्र के लिए खतरा है।
वहीं, केंद्र सरकार का कहना है कि इस बिल का उद्देश्य केंद्रीय बलों के कार्यकुशलता को बढ़ाना और राष्ट्रीय सुरक्षा को मजबूत करना है।
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