भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने मंगलवार को ओडिशा में भारी बारिश की चेतावनी जारी की। बंगाल की खाड़ी के ऊपर बना निम्न दबाव क्षेत्र अब अवदाब में बदल गया है। मौसम विभाग के अनुसार, अगले 24 घंटों में इसके गहरे अवदाब में बदलने की संभावना है। इसके बाद यह 23 सितंबर की रात विशाखापत्तनम और गोपालपुर के बीच तट को पार कर सकता है।
ओडिशा सरकार ने संभावित प्रभाव से निपटने के लिए रणनीतिक स्थानों पर कर्मचारियों और मशीनरी की तैनाती की है। मुख्य सचिव अनु गर्ग ने वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक कर तैयारियों की समीक्षा की। 11 जिलों के कलेक्टर भी वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए बैठक में शामिल हुए। उन्होंने अधिकारियों को जरूरत पड़ने पर लोगों को सुरक्षित रखने के लिए चक्रवात और बाढ़ आश्रय केंद्र तैयार रखने के निर्देश दिए।
गंजाम की कलेक्टर वी. कीर्ति वासन ने बताया कि आश्रय केंद्रों का निरीक्षण कर वहां व्यवस्थाओं का जायजा लिया गया है। लोगों को संभावित मौसम परिस्थितियों के प्रति जागरूक किया जा रहा है।
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पुरी, खुर्दा, जगतसिंहपुर, बालासोर, भद्रक और केंद्रापड़ा जैसे तटीय जिलों में मछुआरों को 24 सितंबर तक समुद्र में नहीं जाने की सलाह दी गई है। समुद्र में मौजूद मछुआरों को भी वापस लौटने को कहा गया है।
आईएमडी के अनुसार शाम 5:30 बजे मौसम प्रणाली पुरी से करीब 310 किलोमीटर दक्षिण-पूर्व में केंद्रित थी। मुख्य सचिव ने कहा कि फिलहाल इसके चक्रवाती तूफान में बदलने का पूर्वानुमान नहीं है। राज्य में अत्यधिक बारिश और तेज हवाओं से निपटने के लिए आवश्यक तैयारियां की गई हैं।
आईएमडी भुवनेश्वर केंद्र की निदेशक मनोरमा मोहंती ने बताया कि राज्य के विभिन्न हिस्सों में बारिश शुरू हो गई है और 25 सितंबर तक जारी रहने की संभावना है।
दक्षिणी ओडिशा के कई हिस्सों में 23 से 25 सितंबर के लिए रेड अलर्ट जारी किया गया है। 23-24 सितंबर को कोरापुट, गजपति और गंजाम में भारी से बहुत भारी बारिश तथा कुछ स्थानों पर अत्यधिक भारी बारिश की संभावना है। 24-25 सितंबर को कालाहांडी, नबरंगपुर, कोरापुट और मलकानगिरी में भी रेड अलर्ट है।
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