भारत आज अपना 77वां गणतंत्र दिवस पूरे उत्साह और गर्व के साथ मना रहा है। इस अवसर पर राजधानी नई दिल्ली में आयोजित होने वाली भव्य परेड में भारत की सैन्य ताकत, विकास यात्रा और सांस्कृतिक विविधता का भव्य प्रदर्शन किया जाएगा। गणतंत्र दिवस परेड में इस वर्ष विशेष रूप से नए गठित सैन्य दस्तों और ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के दौरान तैनात प्रमुख हथियार प्रणालियों के मॉडल भी प्रदर्शित किए जाएंगे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गणतंत्र दिवस के अवसर पर देशवासियों को शुभकामनाएं देते हुए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ (पूर्व में ट्विटर) पर लिखा, “गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं। यह अवसर विकसित भारत के निर्माण के हमारे सामूहिक संकल्प को नई ऊर्जा और उत्साह प्रदान करे।”
इस वर्ष गणतंत्र दिवस समारोह के मुख्य अतिथि यूरोपीय परिषद के अध्यक्ष एंटोनियो कोस्टा और यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन होंगे। उनकी उपस्थिति भारत और यूरोपीय संघ के बीच मजबूत होते रणनीतिक और कूटनीतिक संबंधों को दर्शाती है।
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गणतंत्र दिवस को लेकर सुरक्षा व्यवस्था भी कड़ी कर दी गई है। सशस्त्र सीमा बल (SSB) को मिली विशेष खुफिया जानकारी के बाद भारत-नेपाल सीमा पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है। SSB की 42वीं बटालियन के कमांडेंट गंगा सिंह उडावत ने बताया कि 26 जनवरी को कुछ ‘राष्ट्रविरोधी तत्व’ अवांछित गतिविधियों को अंजाम दे सकते हैं, जिसके मद्देनज़र सतर्कता बढ़ाई गई है।
इसके साथ ही, केंद्र सरकार गणतंत्र दिवस समारोह के तहत ‘भारत पर्व’ का आयोजन भी कर रही है। यह छह दिवसीय राष्ट्रीय सांस्कृतिक और पर्यटन महोत्सव 26 जनवरी से लाल किले के प्रांगण में आयोजित होगा। इसका उद्घाटन लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला और केंद्रीय पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत करेंगे। इस आयोजन में देश की समृद्ध संस्कृति, लोककलाएं और पर्यटन संभावनाओं की झलक देखने को मिलेगी।
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