भारत की पहली बुलेट ट्रेन परियोजना, मुंबई-अहमदाबाद हाई स्पीड रेल कॉरिडोर, को 2027 तक शुरू करने की तैयारी तेज हो गई है। इस महत्वाकांक्षी परियोजना में बी28 ट्रेनसेट को शामिल किया जाना बेहद अहम माना जा रहा है। रेलवे मंत्रालय के अनुसार, 508 किलोमीटर लंबी यह हाई-स्पीड रेल लाइन मुंबई और अहमदाबाद को जोड़ेगी।
रेलवे ने अगस्त 2027 तक गुजरात में सूरत से वापी के बीच 97 किलोमीटर लंबे खंड को चालू करने का लक्ष्य रखा है। इस खंड पर ही बी28 ट्रेनसेट के जरिए शुरुआती संचालन की योजना है।
बी28 ट्रेनसेट भारत में विकसित किया जा रहा एक आधुनिक बुलेट ट्रेन मॉडल है। इसका निर्माण बीईएमएल लिमिटेड के बेंगलुरु स्थित रेल कोच कॉम्प्लेक्स में किया जा रहा है। इस परियोजना के तहत चेन्नई स्थित इंटीग्रल कोच फैक्ट्री ने अक्टूबर 2024 में बीईएमएल को दो हाई-स्पीड ट्रेनसेट डिजाइन, निर्माण और कमीशन करने का ठेका दिया था।
और पढ़ें: वीरता पुरस्कार विजेताओं को आजीवन मुफ्त रेल यात्रा की सुविधा
प्रत्येक ट्रेनसेट में कुल 8 कोच होंगे। एक कोच की कीमत लगभग 27.86 करोड़ रुपये है, जबकि पूरे अनुबंध की कुल लागत करीब 866.87 करोड़ रुपये बताई गई है। इसमें डिजाइन, विकास, उपकरण, परीक्षण और अन्य तकनीकी खर्च शामिल हैं।
यह परियोजना भारत के रेलवे नेटवर्क को आधुनिक बनाने और तेज गति वाली यात्रा को बढ़ावा देने की दिशा में बड़ा कदम मानी जा रही है। बी28 ट्रेनसेट न केवल तकनीकी रूप से उन्नत होगा, बल्कि यह ‘मेक इन इंडिया’ पहल को भी मजबूत करेगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस बुलेट ट्रेन के शुरू होने से यात्रा समय में भारी कमी आएगी और आर्थिक गतिविधियों को भी गति मिलेगी।
और पढ़ें: भारत का अनोखा रेलवे स्टेशन जहां गुजरते ही ट्रेनों की लाइट बंद हो जाती है