लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने शुक्रवार (23 जनवरी, 2026) को भारत के वस्त्र उद्योग में गहराते संकट को लेकर चिंता जताई और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की। राहुल गांधी ने कहा कि अमेरिका द्वारा लगाए गए ऊंचे टैरिफ के कारण भारत का वस्त्र क्षेत्र बुरी तरह प्रभावित हो रहा है, जिससे रोजगार और छोटे व्यवसायों पर गंभीर खतरा मंडरा रहा है।
हरियाणा स्थित एक गारमेंट फैक्ट्री के हालिया दौरे का वीडियो साझा करते हुए राहुल गांधी ने कहा कि अमेरिकी बाजार में 50 प्रतिशत तक के टैरिफ और अनिश्चितता ने भारतीय वस्त्र निर्यातकों की कमर तोड़ दी है। उन्होंने आरोप लगाया कि इसका सीधा असर फैक्ट्रियों के संचालन, ऑर्डर बुक और श्रमिकों की नौकरियों पर पड़ रहा है।
राहुल गांधी ने कहा, “नौकरियों का जाना, फैक्ट्रियों का बंद होना और ऑर्डर में भारी गिरावट हमारी ‘डेड इकॉनमी’ की सच्चाई है।” उन्होंने प्रधानमंत्री से अपील की कि वे इस मुद्दे को गंभीरता से लें और अपनी “कमजोरी” को देश की अर्थव्यवस्था को प्रभावित न करने दें।
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कांग्रेस नेता ने यह भी कहा कि वस्त्र उद्योग देश के सबसे बड़े रोजगार प्रदाता क्षेत्रों में से एक है, जिसमें करोड़ों श्रमिक, विशेषकर महिलाएं और छोटे कारीगर, जुड़े हुए हैं। यदि समय रहते सरकार ने कदम नहीं उठाया, तो यह संकट और गहरा सकता है।
राहुल गांधी ने मांग की कि केंद्र सरकार अमेरिका के साथ व्यापार वार्ता के जरिए टैरिफ मुद्दे का समाधान निकाले और घरेलू स्तर पर वस्त्र उद्योग को राहत देने के लिए ठोस नीतिगत फैसले करे, ताकि रोजगार और निर्यात दोनों को बचाया जा सके।
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