तमिलनाडु विधानसभा ने बुधवार (21 जनवरी, 2026) को अपने पूर्व सदस्यों सा. पन्नीरसेल्वम और एल. गणेशन के निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया। विधानसभा सत्र की शुरुआत में सदन ने दिवंगत नेताओं को श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके योगदान को स्मरण किया।
विधानसभा अध्यक्ष एम. अप्पावु ने शोक प्रस्ताव पढ़ते हुए दोनों पूर्व विधायकों के सार्वजनिक जीवन और राजनीतिक सेवाओं पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि सा. पन्नीरसेल्वम एक अनुभवी जनप्रतिनिधि थे, जिन्हें वर्ष 1991 के विधानसभा चुनाव में तिंदिवनम विधानसभा क्षेत्र से विधायक चुना गया था। अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने क्षेत्र के विकास और जनकल्याण से जुड़े कई मुद्दों को मजबूती से उठाया और जनता के बीच एक सुलभ नेता के रूप में पहचाने गए।
एल. गणेशन के संदर्भ में भी अध्यक्ष ने कहा कि उन्होंने अपने राजनीतिक जीवन में सामाजिक सरोकारों और जनहित के विषयों को प्राथमिकता दी। वे अपने क्षेत्र में एक समर्पित जनसेवक के रूप में जाने जाते थे और विभिन्न जनप्रतिनिधि भूमिकाओं में रहते हुए उन्होंने राज्य की राजनीति में सक्रिय योगदान दिया।
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शोक प्रस्ताव के दौरान सदन के सभी सदस्यों ने खड़े होकर दिवंगत नेताओं को श्रद्धांजलि दी और दो मिनट का मौन रखकर उनके प्रति सम्मान व्यक्त किया। इस अवसर पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के नेताओं ने भी उनके निधन पर दुख व्यक्त किया और उनके परिवारजनों के प्रति संवेदना प्रकट की।
तमिलनाडु विधानसभा में इस तरह के शोक प्रस्तावों को राज्य की लोकतांत्रिक परंपरा का अहम हिस्सा माना जाता है, जिसके तहत सदन अपने पूर्व सदस्यों के योगदान को याद करता है और उनके निधन पर सामूहिक रूप से संवेदना व्यक्त करता है।
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