इंग्लैंड क्रिकेट टीम के दिग्गज ऑलराउंडर बेन स्टोक्स ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास की घोषणा कर दी है। उन्होंने पुष्टि की है कि न्यूजीलैंड के खिलाफ चल रहे तीसरे टेस्ट मैच के बाद उनका अंतरराष्ट्रीय करियर समाप्त हो जाएगा। यह मुकाबला उनके करियर का अंतिम टेस्ट मैच होगा।
इंग्लैंड एंड वेल्स क्रिकेट बोर्ड (ईसीबी) ने रविवार को एक बयान जारी कर कहा कि बेन स्टोक्स ने इंग्लैंड पुरुष टेस्ट टीम की कप्तानी और अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट दोनों से संन्यास लेने का निर्णय लिया है। ईसीबी के अनुसार, स्टोक्स का आखिरी मैच ट्रेंट ब्रिज में खेला जा रहा तीसरा रॉथसे टेस्ट होगा।
ईसीबी अध्यक्ष रिचर्ड थॉम्पसन ने स्टोक्स को इंग्लैंड के महानतम क्रिकेटरों में से एक बताया। उन्होंने कहा कि स्टोक्स ने दबाव के क्षणों में असाधारण प्रदर्शन कर करोड़ों प्रशंसकों को यादगार पल दिए हैं। थॉम्पसन ने कहा कि 2019 में वनडे विश्व कप और 2022 में टी20 विश्व कप जीत में स्टोक्स की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण रही।
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उन्होंने यह भी कहा कि 2019 एशेज सीरीज में हेडिंग्ले टेस्ट की ऐतिहासिक पारी क्रिकेट इतिहास की सबसे महान पारियों में से एक मानी जाती है।
बेन स्टोक्स को 2022 में इंग्लैंड टेस्ट टीम का कप्तान बनाया गया था, जब टीम टेस्ट क्रिकेट में खराब दौर से गुजर रही थी। उन्होंने कोच ब्रेंडन मैकुलम के साथ मिलकर “बैजबॉल” युग की शुरुआत की, जिसने टेस्ट क्रिकेट को नई ऊर्जा दी।
अपने करियर में स्टोक्स ने न सिर्फ बल्लेबाजी और गेंदबाजी से योगदान दिया, बल्कि नेतृत्व क्षमता से भी टीम को कई ऐतिहासिक जीत दिलाई। उन्होंने टेस्ट क्रिकेट में 7000 से अधिक रन और 250 से अधिक विकेट लेने का भी बड़ा कीर्तिमान हासिल किया।
स्टोक्स का संन्यास इंग्लिश क्रिकेट के एक युग के अंत के रूप में देखा जा रहा है।
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