दिल्ली हाई कोर्ट ने गुरुवार को अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया और अन्य को प्रवर्तन निदेशालय (ED) की याचिका पर अंतिम अवसर दिया, जिसमें निचली अदालत द्वारा उनके खिलाफ की गई नकारात्मक टिप्पणियों को हटाने की मांग की गई थी।
यह आदेश तब आया जब अदालत में संबंधित पक्षों से जवाब दाखिल करने का समय समाप्त हो गया था। न्यायमूर्ति ने सभी उत्तरदाताओं से कहा कि वे ED की याचिका पर अपना जवाब अंतिम मौका के रूप में दाखिल करें।
ED ने अपनी याचिका में यह मांग की थी कि निचली अदालत के द्वारा दी गई कुछ टिप्पणियाँ, जो उनके खिलाफ की गई थीं, उन्हें हटाया जाए। इन टिप्पणियों का संबंध एक मामले से था जिसमें अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया और अन्य नेताओं को शामिल किया गया था।
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दिल्ली हाई कोर्ट ने यह आदेश दिया कि अगर जवाब दाखिल नहीं किए गए, तो अदालत आगे की कार्रवाई करेगी। इस मामले में संबंधित पक्षों को अब जवाब दाखिल करने के लिए 30 सितंबर तक का समय दिया गया है।
यह मामला राजनीतिक रूप से भी महत्वपूर्ण है, क्योंकि इसमें दिल्ली सरकार के उच्च पदस्थ नेता शामिल हैं, और इसका असर आगामी चुनावों पर भी हो सकता है।
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