दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने एक बड़े आतंकवाद-रोधी अभियान के तहत पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई (इंटर-सर्विसेज इंटेलिजेंस) और मुंबई अंडरवर्ल्ड से कथित रूप से जुड़े नेटवर्क का भंडाफोड़ करते हुए नौ लोगों को गिरफ्तार किया है। जांच एजेंसियों के अनुसार, आरोपी देश के विभिन्न हिस्सों में महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों, सुरक्षा बलों और अन्य संवेदनशील ठिकानों पर हमलों की साजिश का हिस्सा थे।
स्पेशल सेल ने यह कार्रवाई खुफिया सूचनाओं के आधार पर चलाए गए व्यापक अभियान के दौरान की। अधिकारियों का कहना है कि समय रहते कार्रवाई कर एक बड़े सुरक्षा खतरे को टाल दिया गया।
छापेमारी के दौरान पुलिस ने आरोपियों के पास से बड़ी मात्रा में हथियार, गोला-बारूद और विस्फोटक सामग्री बरामद की है। जब्त सामान में ग्रेनेड और अत्याधुनिक हथियार भी शामिल हैं। जांचकर्ताओं का मानना है कि इनका इस्तेमाल संभावित हमलों में किया जाना था। बरामद सामग्री की फॉरेंसिक जांच की जा रही है।
और पढ़ें: पुणे जहरीली शराब कांड: 13 पुलिस और आबकारी कर्मी निलंबित, जांच सीआईडी को सौंपी गई
जांच एजेंसियों के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपी मुंबई अंडरवर्ल्ड के कुछ तत्वों के संपर्क में थे, जिन्होंने कथित तौर पर इस नेटवर्क को संचालन और रसद सहायता उपलब्ध कराई। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपियों की भर्ती कैसे हुई, उन्हें वित्तीय सहायता कहां से मिली और पूरे नेटवर्क का संचालन किस तरह किया जा रहा था।
गिरफ्तार नौ लोगों में दिल्ली, मुंबई और पंजाब के निवासी शामिल बताए जा रहे हैं। सूत्रों के अनुसार, हिरासत में लिए गए कुछ लोग विदेशी नागरिक भी हैं। सुरक्षा एजेंसियां प्रत्येक आरोपी की भूमिका की जांच कर रही हैं और यह भी पता लगाया जा रहा है कि क्या इस नेटवर्क से जुड़े अन्य सदस्य अभी भी सक्रिय हैं।
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपियों को महत्वपूर्ण सरकारी और रणनीतिक प्रतिष्ठानों की पहचान कर उन्हें निशाना बनाने का काम सौंपा गया था।
मामले की जांच कई एजेंसियां मिलकर कर रही हैं। अधिकारियों का कहना है कि इस नेटवर्क के अन्य मॉडल और संभावित अंतरराष्ट्रीय कड़ियों की भी जांच की जा रही है। सुरक्षा एजेंसियों ने देश के प्रमुख शहरों में सतर्कता बढ़ा दी है।
और पढ़ें: म्यांमार के राष्ट्रपति मिन आंग ह्लाइंग की भारत यात्रा क्यों है महत्वपूर्ण, सीमा सुरक्षा से व्यापार तक होंगे अहम मुद्दों पर मंथन