मध्य प्रदेश सरकार ने राज्य के विकास को गति देने के लिए बड़ा फैसला लिया है। मुख्यमंत्री मोहन यादव की अध्यक्षता में भोपाल में हुई कैबिनेट बैठक में 2300 करोड़ रुपये से अधिक लागत वाली कई महत्वपूर्ण योजनाओं और विकास कार्यों को मंजूरी दी। इन प्रस्तावों में बुनियादी ढांचे के विकास के साथ-साथ पुनर्वास कार्य भी शामिल हैं।
बैठक में मंत्रिपरिषद ने प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में सड़क, निर्माण, आधारभूत सुविधाओं और अन्य विकास परियोजनाओं को आगे बढ़ाने के लिए राशि स्वीकृत की। सरकार का कहना है कि इन योजनाओं से राज्य में विकास की रफ्तार बढ़ेगी और आम लोगों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी।
इसके अलावा कैबिनेट ने मुख्यमंत्री स्कूटी योजना को वर्ष 2031 तक जारी रखने का निर्णय लिया है। इस योजना का उद्देश्य विद्यार्थियों को शिक्षा के क्षेत्र में प्रोत्साहित करना और उन्हें आवागमन की बेहतर सुविधा उपलब्ध कराना है। योजना के विस्तार से आने वाले वर्षों में अधिक छात्र-छात्राओं को इसका लाभ मिलने की उम्मीद है।
और पढ़ें: कुवैत की कंपनी और इंदौर की फर्म के बीच ₹7,430 करोड़ का मत्स्य पालन समझौता, 35,000 रोजगार का अनुमान
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने बैठक के दौरान प्रदेश में चल रही विभिन्न योजनाओं की प्रगति की भी समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी विकास कार्य समयसीमा के भीतर पूरे किए जाएं और गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखा जाए।
कैबिनेट बैठक में राज्य के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने, पुनर्वास से जुड़े कार्यों और जनकल्याणकारी योजनाओं पर विस्तार से चर्चा की गई। सरकार ने कहा कि प्रदेश में रोजगार, शिक्षा, परिवहन और नागरिक सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।
मध्य प्रदेश सरकार के इन फैसलों को राज्य के विकास और युवाओं के हित में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। कैबिनेट की मंजूरी के बाद संबंधित विभाग जल्द ही इन योजनाओं को लागू करने की प्रक्रिया शुरू करेंगे।
और पढ़ें: भोपाल में श्यामा प्रसाद मुखर्जी स्मार्ट इंडस्ट्रियल पार्क की आधारशिला, 15,000 से अधिक रोजगार का दावा