तमिलगा वेट्ट्री कज़गम (टीवीके) के संस्थापक और लोकप्रिय अभिनेता विजय ने सोमवार (2 फरवरी, 2026) को कहा कि उनके खिलाफ हो रही राजनीतिक आलोचनाएं वैसी ही हैं जैसी कभी पूर्व मुख्यमंत्री और दिग्गज अभिनेता एम.जी. रामचंद्रन (एमजीआर) के खिलाफ की गई थीं। उन्होंने दावा किया कि इतिहास खुद को दोहरा रहा है और जनता अंततः सच्चाई को पहचानती है।
चेन्नई के पास पनैयूर में पार्टी की स्थापना की दूसरी वर्षगांठ के मौके पर आयोजित समारोह को संबोधित करते हुए विजय ने डीएमके और अन्य राजनीतिक दलों पर तंज कसा। उन्होंने कहा कि उन्हें राजनीति में नया, अनुभवहीन और “अट्टा काठी” यानी “कार्डबोर्ड की चाकू” कहकर निशाना बनाया जा रहा है। विजय ने कहा कि यही शब्दावली कभी एमजीआर के खिलाफ भी इस्तेमाल की गई थी, जब उन्होंने एआईएडीएमके की स्थापना की थी।
विजय ने कहा कि TVK तमिलनाडु की राजनीति में “व्हिसलब्लोअर” की भूमिका निभा रही है। उन्होंने अपने समर्थकों को संबोधित करते हुए कहा, “हमारी सीटी की आवाज सुनते ही बुरी और भ्रष्ट ताकतों को भाग जाना चाहिए।” उनके मुताबिक, पार्टी का उद्देश्य भ्रष्टाचार और अनैतिक राजनीति के खिलाफ जनता की आवाज बनना है।
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अपने भाषण में विजय ने वर्ष 1977 के एक रेडियो साक्षात्कार का भी उल्लेख किया, जिसमें एमजीआर ने कहा था कि उन्होंने एआईएडीएमके की स्थापना इसलिए की क्योंकि जब भी वे यह सोचते थे कि किस तरह कुछ लोगों ने डीएमके के संस्थापक और पूर्व मुख्यमंत्री सी.एन. अन्नादुरै की जगह ले ली, तो उनकी आंखों में आंसू आ जाते थे।
विजय ने कहा कि एमजीआर की तरह उन्हें भी जनता का समर्थन मिलेगा और टीवीके तमिलनाडु की राजनीति में एक नए और ईमानदार विकल्प के रूप में उभरेगी। उन्होंने कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे आलोचनाओं से डरें नहीं और बदलाव की इस लड़ाई को आगे बढ़ाएं।
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