संसद के मानसून सत्र में गुरुवार को कई महत्वपूर्ण विधेयकों पर चर्चा होने वाली है। लोकसभा में सुप्रीम कोर्ट जज विधेयक को चर्चा के लिए लिया जाएगा, जबकि राज्यसभा में सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन विधेयक, 2026 पर बहस होगी।
राज्यसभा में सार्वजनिक परीक्षा संशोधन विधेयक पर चर्चा दोपहर करीब 2 बजे शुरू होने की संभावना है और यह लगभग सात घंटे तक चल सकती है। इस बहस में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और पार्टी के वरिष्ठ नेता मुकुल वासनिक समेत कई विपक्षी नेता हिस्सा ले सकते हैं।
इससे पहले बुधवार को भारी हंगामे के बीच लोकसभा ने सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन विधेयक, 2026 को मंजूरी दे दी थी। विधेयक पर चर्चा के दौरान सदन में सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी नोकझोंक देखने को मिली।
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लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने 20 जुलाई को हुए छात्र प्रदर्शनों के दौरान कथित पुलिस कार्रवाई को लेकर सरकार पर जोरदार हमला बोला था। उन्होंने छात्रों के खिलाफ कार्रवाई का मुद्दा उठाते हुए सरकार को घेरा, जिसके बाद सत्तापक्ष की ओर से भी कड़ा जवाब दिया गया।
यह विधेयक पेपर लीक और परीक्षाओं में अनुचित तरीकों को रोकने के उद्देश्य से लाया गया है। लोकसभा में चर्चा के दौरान परीक्षा प्रणाली की पारदर्शिता, छात्र हितों और कथित पेपर लीक की घटनाओं को लेकर सरकार और विपक्ष के बीच तीखी बहस हुई।
वहीं, आज लोकसभा में सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीशों से संबंधित विधेयक पर भी चर्चा होगी। संसद की कार्यवाही के दौरान विपक्ष द्वारा विभिन्न मुद्दों को उठाए जाने की संभावना है, जिससे दोनों सदनों में हंगामा देखने को मिल सकता है।
सार्वजनिक परीक्षा संशोधन विधेयक को लेकर सरकार का कहना है कि यह कानून परीक्षा व्यवस्था को मजबूत करेगा और नकल तथा पेपर लीक जैसी घटनाओं पर प्रभावी रोक लगाने में मदद करेगा। वहीं विपक्ष सरकार से छात्रों के हितों और हालिया विरोध प्रदर्शनों से जुड़े सवालों के जवाब मांग रहा है।
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