सऊदी अरब में हूती विद्रोहियों के साथ बढ़ते तनाव के बीच मक्का और जेद्दा समेत कई इलाकों में गुरुवार को फिर संभावित खतरे की चेतावनी जारी की गई। यह एक महीने के भीतर मक्का में दूसरी ऐसी चेतावनी है। सऊदी सिविल डिफेंस के मुताबिक, नेशनल अर्ली वार्निंग प्लेटफॉर्म ने मक्का शहर में संभावित खतरे को लेकर अलर्ट जारी किया था। कुछ ही मिनट बाद इन चेतावनियों को हटा लिया गया।
मक्का के अलावा जेद्दा, यनबू, ताइफ और तबूक क्षेत्रों में भी चेतावनी जारी की गई। अधिकारियों ने लोगों से आधिकारिक सुरक्षा निर्देशों का पालन करने और खतरा टलने तक सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की।
इससे पहले पिछले सप्ताह सऊदी अरब ने राजधानी रियाद के लिए भी पहली बार हवाई हमले से जुड़ी चेतावनी जारी की थी। इसके बाद रियाद में धमाके की आवाज सुनाई दी और हवाई अड्डे के पास धुएं का गुबार दिखाई देने की खबरें सामने आईं। सऊदी अधिकारियों के अनुसार, एक बैलिस्टिक मिसाइल को रोका गया था। किसी बड़े नुकसान या जनहानि की सूचना नहीं मिली।
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हूती-सऊदी संघर्ष बढ़ा
सऊदी अरब और यमन के हूती विद्रोहियों के बीच तनाव इस महीने और बढ़ गया है। सऊदी अरब ने हूतियों पर मक्का को निशाना बनाने का आरोप लगाया था, जबकि हूतियों ने इस आरोप से इनकार किया। इसके बाद सऊदी अरब ने हूती-नियंत्रित इलाकों में हवाई हमले किए।
हूती सैन्य प्रवक्ता याह्या सरी ने दावा किया कि समूह ने सऊदी राजधानी रियाद में संवेदनशील ठिकानों और यनबू में अरामको सुविधाओं को निशाना बनाया।
बढ़ते खतरे के बीच सऊदी अरब ने अमेरिका से मदद मांगी है। हालांकि, वॉशिंगटन ने हूतियों के खिलाफ सीधे हमले में शामिल होने से इनकार किया है। अमेरिका ने सऊदी अरब को 48 एफ-35 लड़ाकू विमानों की संभावित बिक्री को मंजूरी दी है, जिसकी अनुमानित कीमत 24.3 अरब डॉलर है।
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