आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने राज्य में औद्योगिक निवेश को बढ़ावा देने के लिए अधिकारियों को कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए हैं। राज्य निवेश प्रोत्साहन बोर्ड (एसआईपीबी) की 20वीं बैठक की अध्यक्षता करते हुए उन्होंने कहा कि औद्योगिक प्रोत्साहनों की राशि दिसंबर 2026 से एस्क्रो खातों में जमा कराने की व्यवस्था की जाए, ताकि उद्योगों को प्रोत्साहन राशि समय पर मिल सके।
बुधवार, 12 अगस्त 2026 को सचिवालय में हुई बैठक में 25 परियोजनाओं को मंजूरी दी गई। इन परियोजनाओं से राज्य में करीब 21,627 रोजगार के अवसर पैदा होने की उम्मीद है। इन मंजूरियों के साथ पिछले दो वर्षों में एसआईपीबी द्वारा स्वीकृत निवेश का कुल आंकड़ा बढ़कर 13.78 लाख करोड़ रुपये हो गया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उद्योगों को आकर्षित करने और निवेश बढ़ाने के लिए प्रोत्साहन जरूरी हैं, लेकिन सरकार को यह भी सुनिश्चित करना होगा कि वह लंबे समय तक टिकाऊ तरीके से कितनी प्रोत्साहन राशि उपलब्ध करा सकती है। उन्होंने अधिकारियों को औद्योगिक प्रोत्साहनों की प्रक्रिया को पारदर्शी और समयबद्ध बनाने पर जोर दिया।
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नायडू ने राज्य में बुनियादी औद्योगिक ढांचे से जुड़े कामों को भी जल्द पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से शेष 37 सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (एमएसएमई) पार्कों का निर्माण सितंबर तक पूरा करने को कहा। इसके अलावा मुलापेटा बंदरगाह का काम दिसंबर तक पूरा करने का लक्ष्य दिया गया।
मुख्यमंत्री ने भविष्य के औद्योगिक क्षेत्रों पर भी विशेष ध्यान देने की बात कही। उन्होंने हरित अमोनिया, लिथियम बैटरी और रोबोटिक्स जैसे उभरते क्षेत्रों में निवेश को बढ़ावा देने के लिए अधिकारियों को सक्रिय प्रयास करने के निर्देश दिए।
सरकार का लक्ष्य राज्य में नए उद्योग स्थापित करने के साथ रोजगार के अवसर बढ़ाना और औद्योगिक विकास को गति देना है। एस्क्रो खातों के माध्यम से प्रोत्साहन राशि उपलब्ध कराने की व्यवस्था से उद्योगों को भुगतान में देरी कम होने की उम्मीद है।
सरकार के अनुसार, निवेश बढ़ने से आंध्र प्रदेश में विनिर्माण, ऊर्जा, तकनीक और अन्य औद्योगिक क्षेत्रों को मजबूती मिलेगी। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से स्वीकृत परियोजनाओं की नियमित निगरानी कर उन्हें निर्धारित समयसीमा में पूरा कराने को कहा।
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