अभिनेता और तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के सांसद दीपक अधिकारी, जिन्हें लोकप्रिय रूप से देव के नाम से जाना जाता है, को निर्वाचन आयोग (ईसी) की ओर से मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन—एसआईआर) के तहत नोटिस जारी किया गया है। देव इस प्रक्रिया के तहत नोटिस पाने वाले ताजा बड़े नाम हैं। टीएमसी ने इस कदम पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया है कि निर्वाचन आयोग जानबूझकर तीन बार के निर्वाचित सांसद को परेशान कर रहा है।
स्थानीय पार्षद मौसमी दास ने बताया कि देव के परिवार के तीन सदस्यों को भी एसआईआर सुनवाई के लिए नोटिस भेजा गया है। हालांकि, अभी यह स्पष्ट नहीं किया गया है कि देव और उनके परिवार को निर्वाचन आयोग के अधिकारियों के समक्ष दस्तावेज कब और किस तारीख को प्रस्तुत करने होंगे। देव ने अब तक इस नोटिस को लेकर सार्वजनिक रूप से कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है।
इस बीच, एसआईआर प्रक्रिया के तहत कई अन्य चर्चित हस्तियों को भी तलब किया गया है। इनमें अभिनेता लबोनी सरकार, कौशिक बंद्योपाध्याय और अनिर्बान भट्टाचार्य शामिल हैं। वहीं, भारतीय क्रिकेटर मोहम्मद शमी ने राजकोट में अपने निर्धारित मैच का हवाला देते हुए आयोग से कुछ समय की मांग की है।
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टीएमसी नेताओं का कहना है कि एसआईआर के नाम पर सत्तारूढ़ दल के सांसदों और चर्चित व्यक्तियों को निशाना बनाया जा रहा है। पार्टी का आरोप है कि निर्वाचन आयोग निष्पक्ष भूमिका निभाने के बजाय राजनीतिक दबाव में काम कर रहा है। वहीं, आयोग की ओर से कहा गया है कि एसआईआर एक नियमित प्रक्रिया है, जिसका उद्देश्य मतदाता सूची को शुद्ध और अद्यतन करना है।
इस पूरे घटनाक्रम ने राज्य की राजनीति में नई बहस छेड़ दी है। विपक्षी दल जहां इसे लोकतांत्रिक प्रक्रिया का हिस्सा बता रहे हैं, वहीं टीएमसी इसे चुनिंदा राजनीतिक उत्पीड़न के रूप में देख रही है।
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