केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले उत्तर बंगाल में तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) पर जोरदार हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि ममता बनर्जी के नेतृत्व में टीएमसी सरकार ने भ्रष्टाचार, राजनीतिक हिंसा और घुसपैठ को बढ़ावा दिया है।
जलपाईगुड़ी के राजगंज में आयोजित रैली में अमित शाह ने कहा कि भाजपा सत्ता में आने पर जनता से लूटे गए हर एक रुपये को ब्याज सहित वापस लिया जाएगा। उन्होंने नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा कि उनके पूरे राजनीतिक जीवन में भ्रष्टाचार का कोई आरोप नहीं लगा है।
अमित शाह ने आरोप लगाया कि टीएमसी नेताओं ने शिक्षक भर्ती घोटाले में करीब 300 करोड़ रुपये और बाढ़ राहत में 100 करोड़ रुपये का दुरुपयोग किया। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार बनने पर इस धन की वसूली कर गरीबों को लौटाया जाएगा।
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उन्होंने उत्तर बंगाल में राजनीतिक हिंसा का मुद्दा उठाते हुए कहा कि यहां ‘टी’ का मतलब चाय, लकड़ी और पर्यटन है, लेकिन ममता बनर्जी ने इसमें एक और ‘टी’ जोड़ दिया है—भाजपा कार्यकर्ताओं के आंसू। उन्होंने लोगों से कमल के निशान पर वोट देने की अपील की।
अलीपुरद्वार में एक अन्य रैली में उन्होंने भाजपा विधायक दीपक बर्मन पर हमले की निंदा की और टीएमसी कार्यकर्ताओं को चेतावनी दी। शाह ने घुसपैठ के मुद्दे पर भी कहा कि भाजपा सत्ता में आने पर इसे खत्म करेगी, जैसा असम और त्रिपुरा में किया गया।
इसके अलावा उन्होंने चाय बागान मजदूरों के लिए जमीन का मालिकाना हक, वेतन वृद्धि और शिक्षा सुविधाओं सहित कई वादे किए। साथ ही उन्होंने ममता बनर्जी पर परिवारवाद का आरोप लगाते हुए उनके भतीजे अभिषेक बनर्जी को आगे बढ़ाने का आरोप लगाया।
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