राजधानी दिल्ली में बुधवार को भारी बारिश के बीच एक बड़ा हादसा सामने आया। रोहिणी सेक्टर-16 में एक निर्माणाधीन इमारत अचानक गिर गई, जिसके बाद कई लोगों के मलबे में दबे होने की आशंका जताई जा रही है। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और राहत एवं बचाव कार्य शुरू कर दिया गया।
अधिकारियों के अनुसार, दिल्ली अग्निशमन सेवा को इमारत गिरने की सूचना शाम करीब 4 बजकर 20 मिनट पर मिली। सूचना मिलते ही चार दमकल गाड़ियों को मौके पर भेजा गया। दमकल कर्मियों और बचाव दलों ने तुरंत तलाशी अभियान शुरू किया ताकि मलबे में फंसे लोगों का पता लगाया जा सके और उन्हें सुरक्षित बाहर निकाला जा सके।
अधिकारियों ने बताया कि फिलहाल बचाव अभियान जारी है। अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि मलबे में कितने लोग फंसे हैं या कितने लोग घायल हुए हैं। मौके पर मौजूद आपातकालीन टीमें लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।
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भारी बारिश से दिल्ली-एनसीआर बेहाल
इस हादसे के बीच दिल्ली-एनसीआर में बुधवार को लगातार तेज बारिश हुई, जिसके कारण कई इलाकों में जलभराव की स्थिति बन गई। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने राजधानी के लिए रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी करते हुए अगले कुछ घंटों में गरज-चमक के साथ भारी बारिश की संभावना जताई थी।
आईएमडी के अनुसार, दिल्ली के सफदरजंग मौसम केंद्र में बीते 24 घंटों के दौरान सुबह 8:30 बजे तक 14.2 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। इस दौरान न्यूनतम तापमान 25.4 डिग्री सेल्सियस रहा।
बारिश के कारण सदर बाजार, नसीरपुर, ग्रेटर कैलाश, बदरपुर, तेलीवाड़ा, महावीर बाजार, स्वरूप नगर और कुशक रोड समेत कई इलाकों में पानी भर गया। कई जगहों पर लोग घुटनों तक भरे पानी से गुजरते नजर आए।
कई इलाकों में लगा लंबा जाम
बारिश का असर राजधानी के यातायात पर भी पड़ा। रोहतक रोड पर पंजाबी बाग से शादिपुर के बीच कई घंटों तक वाहनों की लंबी कतारें लगी रहीं। बारिश से बचने के लिए कई दोपहिया वाहन चालक मेट्रो के ऊंचे कॉरिडोर के नीचे रुक गए, जिससे यातायात व्यवस्था और प्रभावित हुई।
आईटीओ चौराहे पर भी भारी ट्रैफिक जाम देखने को मिला। प्रशासन ने लोगों से सावधानी बरतने और मौसम संबंधी निर्देशों का पालन करने की अपील की है।
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