स्वास्थ्य सेवा महानिदेशालय से जुड़े कथित खरीद घोटाले में भ्रष्टाचार निरोधक शाखा ने सोमवार को पूर्व स्वास्थ्य सेवा महानिदेशक डॉ. वत्सला अग्रवाल और डॉ. विनोद कुमार रंगा की जमानत याचिकाओं पर अतिरिक्त जवाब दाखिल करने के लिए और समय मांगा। मामले की सुनवाई के दौरान भ्रष्टाचार निरोधक शाखा ने अदालत से अनुरोध किया कि उसे दोनों आरोपियों की जमानत याचिकाओं पर अपना विस्तृत पक्ष रखने के लिए अतिरिक्त समय दिया जाए।
भ्रष्टाचार निरोधक शाखा की ओर से यह मांग ऐसे समय की गई है जब कथित खरीद घोटाले से जुड़े मामले में आरोपियों की जमानत याचिकाएं अदालत के समक्ष विचाराधीन हैं। जांच एजेंसी का कहना है कि मामले के विभिन्न पहलुओं पर अपना अतिरिक्त जवाब दाखिल करने के लिए उसे और समय की आवश्यकता है।
डॉ. वत्सला अग्रवाल स्वास्थ्य सेवा महानिदेशालय की पूर्व महानिदेशक रही हैं, जबकि डॉ. विनोद कुमार रंगा भी इस मामले में आरोपी हैं। दोनों ने अदालत से जमानत दिए जाने की मांग की है। उनकी याचिकाओं पर सुनवाई के दौरान जांच एजेंसी को अपना पक्ष रखने का अवसर दिया जा रहा है।
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खरीद घोटाले से जुड़े आरोपों में सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं के लिए की गई खरीद प्रक्रिया और उससे संबंधित कथित अनियमितताओं की जांच की जा रही है। भ्रष्टाचार निरोधक शाखा मामले में दस्तावेजों और अन्य तथ्यों के आधार पर अपनी जांच आगे बढ़ा रही है।
सोमवार की कार्यवाही में एजेंसी ने अतिरिक्त जवाब दाखिल करने के लिए समय मांगा, जिसके बाद मामले की आगे की सुनवाई अदालत द्वारा निर्धारित की जाएगी। फिलहाल दोनों आरोपियों की जमानत याचिकाओं पर अंतिम निर्णय नहीं हुआ है। अदालत में एजेंसी का अतिरिक्त जवाब दाखिल होने के बाद जमानत याचिकाओं पर आगे की सुनवाई और मामले से जुड़े पक्षों की दलीलें सामने आने की उम्मीद है।
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