देशभर में मौसम ने करवट ले ली है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में आंधी-बारिश का सिलसिला लगातार जारी है। शुक्रवार सुबह से आगरा, मथुरा और हाथरस समेत पांच शहरों में तेज हवाओं के साथ रुक-रुक कर बारिश हो रही है। आगरा में इतनी तेज बारिश हुई कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को अपना दौरा रद्द करना पड़ा। मौसम विभाग ने प्रदेश के 37 जिलों में आंधी-बारिश और बिजली गिरने का अलर्ट जारी किया है।
दक्षिण भारत में तमिलनाडु में गुरुवार को पूर्वोत्तर मानसून ने दस्तक दे दी। राज्य के कई हिस्सों में भारी बारिश दर्ज की गई। करूर जिले के थोगैमलाई में सबसे अधिक 11 सेंटीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई। मौसम विभाग के अनुसार, अगले दो दिनों में पश्चिमी घाट और उसके आसपास के आंतरिक जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना जताई गई है।
पहाड़ी राज्य हिमाचल प्रदेश में बारिश और बर्फबारी के बाद तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है। प्रदेश का औसत न्यूनतम तापमान सामान्य से 1.2 डिग्री सेल्सियस नीचे चला गया है, जबकि अधिकतम तापमान सामान्य से 4.3 डिग्री सेल्सियस कम दर्ज किया गया। इस सीजन में पहली बार केलांग का पारा माइनस में पहुंच गया है, जिससे वहां ठंड काफी बढ़ गई है।
और पढ़ें: ट्रंप का दावा: अमेरिकी नौसेना की नाकेबंदी से होर्मुज जलडमरूमध्य में रुकीं ईरानी नौकाएं
राजस्थान में भी मौसम का मिजाज बदल गया है। वेस्टर्न डिस्टर्बेंस के असर से राजधानी जयपुर सहित कई जिलों में शुक्रवार को बारिश हुई। करौली में सुबह बारिश शुरू होने से पहले कुछ देर के लिए अंधेरा छा गया था। अलवर में करीब चार घंटे तक लगातार बारिश होती रही। जयपुर में तापमान में करीब 5 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट दर्ज की गई।
उत्तराखंड के ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी होने से प्रदेश में ठंड और बढ़ गई है। शुक्रवार सुबह केदारनाथ में तापमान माइनस 6 डिग्री सेल्सियस और बद्रीनाथ में माइनस 5 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। प्रदेश में सुबह का औसत तापमान 9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि दो दिन पहले तक यह 17.7 डिग्री सेल्सियस था। इस तरह उत्तर भारत के पहाड़ी और मैदानी दोनों क्षेत्रों में मौसम में तेजी से बदलाव देखने को मिल रहा है, वहीं दक्षिण भारत में मानसून की सक्रियता से बारिश का दौर जारी रहने की उम्मीद जताई जा रही है।
और पढ़ें: पंजाब में नशा संकट: अकाली दल पर अब भी कई सवाल बरकरार