कांग्रेस के नेतृत्व वाले विपक्षी गठबंधन INDIA ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ अपना विरोध प्रदर्शन जारी रखने का फैसला किया है। संसद भवन में एकत्र होने के बाद विपक्षी सांसद राष्ट्रपति भवन की ओर मार्च कर सकते हैं। इस बीच, राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने विपक्षी नेताओं के प्रतिनिधिमंडल को रात 8 बजे मुलाकात का समय दिया है। यह विपक्षी सांसदों के विरोध प्रदर्शन का लगातार चौथा दिन है।
सूत्रों के मुताबिक, कांग्रेस ने अपने सभी सांसदों से दोपहर 3 बजे तक संसद पहुंचने को कहा है। यह घटनाक्रम विपक्षी नेताओं और दिल्ली पुलिस के बीच पिछले दो दिनों में हुई तनातनी के बाद सामने आया है। हालांकि, गुरुवार को विपक्षी नेताओं को राजघाट पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने की अनुमति दी गई थी और उन्हें स्मारक तक पहुंचने से नहीं रोका गया।
विपक्षी गठबंधन का विरोध मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार और देशभर में मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) अभियान को लेकर है। विपक्षी दल इस प्रक्रिया पर सवाल उठा रहे हैं और चुनाव आयोग से जवाबदेही की मांग कर रहे हैं। तृणमूल कांग्रेस की प्रमुख ममता बनर्जी समेत कई वरिष्ठ नेताओं के प्रस्तावित मार्च में शामिल होने की संभावना है।
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बीजेपी ने राहुल गांधी पर साधा निशाना
इस बीच, भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने राहुल गांधी और कांग्रेस पर तीखा हमला बोला है। बीजेपी प्रवक्ता प्रदीप भंडारी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में सवाल उठाया कि क्या सड़कों पर विरोध प्रदर्शन करने का कांग्रेस का फैसला सर्वोच्च न्यायालय पर भरोसे की कमी को दर्शाता है, जबकि एसआईआर से जुड़े मामले अदालत में विचाराधीन हैं।
भंडारी ने यह भी आरोप लगाया कि राहुल गांधी सड़क पर प्रदर्शन के जरिए अदालत में लंबित मामले को लेकर जनमत तैयार करने और संवैधानिक संस्थाओं पर दबाव बनाने की कोशिश कर रहे हैं।
विपक्षी दलों की ओर से राष्ट्रपति से मुलाकात को इस मुद्दे पर अपनी चिंताएं रखने के अवसर के रूप में देखा जा रहा है। रात 8 बजे होने वाली बैठक में विपक्षी प्रतिनिधिमंडल अपनी मांगें और आपत्तियां राष्ट्रपति के सामने रख सकता है।
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