विपक्षी गठबंधन INDIA के 10 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल की शुक्रवार रात 8 बजे राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मुलाकात होगी। राष्ट्रपति भवन ने इस बैठक की पुष्टि की है। विपक्ष विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं को लेकर मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रहा है। इस मुद्दे पर राजधानी दिल्ली में लगातार तीसरे दिन विरोध प्रदर्शन जारी रहा।
प्रतिनिधिमंडल में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी और राष्ट्रीय जनता दल के नेता तेजस्वी यादव समेत कई प्रमुख नेताओं के शामिल होने की उम्मीद है। विपक्ष राष्ट्रपति के सामने मतदाता सूची के पुनरीक्षण और चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली को लेकर अपनी चिंताएं रखेगा।
राजघाट पर विपक्ष का धरना
गुरुवार को INDIA गठबंधन के नेताओं ने महात्मा गांधी के स्मारक राजघाट पर धरना दिया। विपक्षी नेताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और मुख्य चुनाव आयुक्त पर कथित तौर पर चुनाव प्रक्रिया को प्रभावित करने के आरोप लगाए। विपक्ष इसे ‘वोट चोरी’ का मामला बता रहा है और चुनाव आयोग की भूमिका पर सवाल उठा रहा है।
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राहुल गांधी ने लोकतंत्र और संविधान का मुद्दा उठाया
राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि पिछले 10 से 15 वर्षों में देश की लोकतांत्रिक संस्थाओं और संविधान को गंभीर नुकसान पहुंचा है। उन्होंने कहा कि विपक्ष का आंदोलन कुछ दिनों तक चलने वाला विरोध नहीं, बल्कि नागरिकों को न्याय दिलाने का प्रयास है।
उन्होंने दावा किया कि विपक्ष ने कर्नाटक, महाराष्ट्र, हरियाणा और मध्य प्रदेश में कथित वोट चोरी से जुड़े सबूत पेश किए हैं। राहुल गांधी ने दो चुनाव आयुक्तों द्वारा मुख्य चुनाव आयुक्त को लिखे गए कथित पत्रों का भी उल्लेख किया। हालांकि, इन आरोपों और पत्रों की व्याख्या की स्वतंत्र पुष्टि यहां उपलब्ध जानकारी से नहीं होती है।
आंदोलन जारी रखने का दावा
राहुल गांधी ने कहा कि इस प्रदर्शन को केवल चार-पांच दिनों का अभियान नहीं समझना चाहिए। उनके मुताबिक, विपक्ष नागरिकों के अधिकारों और चुनावी प्रक्रिया से जुड़े सवालों पर अपना आंदोलन जारी रखेगा।
राष्ट्रपति से होने वाली मुलाकात के जरिए INDIA गठबंधन चुनाव आयोग और एसआईआर प्रक्रिया को लेकर अपनी शिकायतें देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद तक पहुंचाना चाहता है।
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