मिजोरम के स्वास्थ्य मंत्री लालरिनपुई ने शुक्रवार को राज्य में यौन संपर्क के माध्यम से बढ़ रहे एचआईवी संक्रमण को लेकर गहरी चिंता व्यक्त की और इसे मिजो समुदाय के लिए "सामूहिक कलंक" बताया।
अंतरराष्ट्रीय कंडोम दिवस के अवसर पर आयोजित एक कार्यक्रम में बोलते हुए, लालरिनपुई ने कहा कि यौन संपर्क राज्य में एचआईवी संक्रमण का प्रमुख मार्ग बना हुआ है और कुल मामलों में इसका हिस्सा 70 प्रतिशत है। उन्होंने समुदाय को जागरूक होने और एचआईवी संक्रमण की रोकथाम के लिए जिम्मेदारी लेने की आवश्यकता पर बल दिया।
इस अवसर पर मिजोरम राज्य एड्स नियंत्रण समिति (MSACS) और एड्स हेल्थकेयर फाउंडेशन (AHF) इंडिया केयरस के सहयोग से कार्यक्रम आयोजित किया गया था। कार्यक्रम का उद्देश्य लोगों में एचआईवी और अन्य यौन संचारित रोगों के प्रति जागरूकता बढ़ाना और सुरक्षित यौन व्यवहार को बढ़ावा देना था।
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लालरिनपुई ने कहा कि स्वास्थ्य अधिकारियों और समुदाय के नेताओं को मिलकर यह सुनिश्चित करना होगा कि एचआईवी संक्रमण की दर को नियंत्रित किया जा सके। उन्होंने बताया कि शिक्षा, जागरूकता अभियान और सुरक्षित यौन अभ्यास के माध्यम से ही इस गंभीर समस्या पर प्रभावी नियंत्रण पाया जा सकता है।
राज्य सरकार ने इस दिशा में कई पहल की हैं, जिसमें समुदाय के युवाओं को स्वास्थ्य शिक्षा देना और मुफ्त परीक्षण सुविधाएं उपलब्ध कराना शामिल है। मंत्री ने सभी नागरिकों से अपील की कि वे सुरक्षित यौन व्यवहार अपनाएं और एचआईवी के फैलाव को रोकने में सहयोग करें।
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