छत्तीसगढ़ के नवा रायपुर में शुक्रवार, 28 फरवरी 2026 को 120 आत्मसमर्पित नक्सलियों ने विधानसभा कार्यवाही में भाग लिया। इस समूह में प्रतिबंधित CPI (माओवादी) के पूर्व केंद्रीय समिति सदस्य भी शामिल थे।
समूह में 54 महिलाएं भी थीं। आत्मसमर्पित नक्सलियों ने कई घंटे विधानसभा भवन में बिताए, कार्यवाही को ध्यान से देखा और मुख्यमंत्री विष्णु देव साईं, उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा तथा अन्य वरिष्ठ मंत्रियों से मुलाकात की।
मंत्रियों ने नक्सलियों के मुख्यधारा में लौटने के निर्णय की सराहना की। यह कदम राज्य में शांति और विकास की दिशा में सकारात्मक संकेत माना जा रहा है।
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मुख्यमंत्री ने कहा कि आत्मसमर्पित नक्सली समाज में लौटकर अपनी नई जीवनशैली के साथ योगदान दे सकते हैं। सरकार उनके पुनर्वास और रोजगार के अवसर सुनिश्चित कर रही है। उन्होंने कहा कि यह लोकतांत्रिक प्रक्रिया में भाग लेने का उदाहरण है और हिंसा से दूर रहने की प्रेरणा देता है।
उपमुख्यमंत्री ने भी कहा कि आत्मसमर्पित नक्सलियों की उपस्थिति से विधानसभा में विविधता आई और यह मुख्यधारा में लौटने का संदेश देता है।
इस दौरान आत्मसमर्पित नक्सलियों ने राज्य सरकार की योजनाओं के प्रति आभार व्यक्त किया। अधिकारियों का कहना है कि ऐसे कदम क्षेत्र में शांति, सामुदायिक विकास और लोकतांत्रिक सहभागिता को बढ़ावा देंगे।
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