तमिलनाडु के मुख्यमंत्री और टीवीके नेता सी. जोसेफ विजय तथा उनकी पत्नी संगीता विजय के बीच चल रहे तलाक मामले की सुनवाई सोमवार को चेंगलपट्टू फैमिली वेलफेयर कोर्ट में हुई। सुनवाई के बाद अदालत ने मामले को आगे बढ़ाते हुए अगली तारीख 7 अगस्त तय कर दी है।
पिछले कुछ हफ्तों से दोनों के बीच सुलह की अटकलें भी तेज हो गई थीं। चर्चा यह भी थी कि अदालत की कार्यवाही वर्चुअल होगी या दोनों पक्ष व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होंगे। हालांकि, मामले में फिलहाल कोई अंतिम समाधान सामने नहीं आया है।
मार्च में संगीता ने तलाक की कार्यवाही के दौरान एक याचिका दायर की थी। उन्होंने अपनी मुख्य तलाक याचिका के तहत अनुरोध किया था कि उन्हें चेन्नई के नीलांकरई स्थित पारिवारिक घर में रहने की अनुमति दी जाए, जब तक मामला समाप्त नहीं हो जाता।
और पढ़ें: तमिलनाडु विधानसभा में एआईएडीएमके को बड़ा झटका, तीन बागी विधायकों ने दिया इस्तीफा
यह याचिका 22 फरवरी को विशेष विवाह अधिनियम, 1954 के तहत दायर की गई थी। संगीता ने न केवल विवाह विच्छेद की मांग की है, बल्कि स्थायी भरण-पोषण (एलिमनी) और नीलांकरई आवास में रहने का अधिकार भी मांगा है।
अपनी याचिका में संगीता ने कहा कि उनका विवाह लगभग 26 वर्षों से चल रहा है और इस दौरान उन्होंने घर और बच्चों—जेसन संजय (25) और दिव्या साशा (20)—की परवरिश में अपना पूरा जीवन समर्पित किया है। उन्होंने यह भी कहा कि वह लंबे समय से विजय की जीवनशैली के अनुसार जीवन जीती रही हैं और उनके पास वैसी वैकल्पिक आवास सुविधा नहीं है।
संगीता ने यह भी दावा किया कि उन्होंने पहले आपसी समझौते की कोशिश की थी, लेकिन वह सफल नहीं हो सकी। उन्होंने आरोप लगाया कि तलाक की प्रक्रिया आगे बढ़ाने पर उन्हें घर से बेदखल किए जाने की बात कही गई, जिससे उनकी चिंता बढ़ी।
संगीता, जो ब्रिटेन की नागरिक हैं और बायोमेडिकल साइंस में डिग्री रखती हैं, ने अदालत से अपील की है कि अंतिम फैसला आने तक उन्हें नीलांकरई स्थित घर में रहने दिया जाए।
गौरतलब है कि सी. जोसेफ विजय वर्तमान में तमिलनाडु के मुख्यमंत्री हैं और साथ ही टीवीके पार्टी के संस्थापक भी हैं।
और पढ़ें: TVK ने कैबिनेट में AIADMK बागियों की एंट्री से इनकार किया, सहयोगियों को दिया भरोसा