केरल के स्थानीय निकाय उपचुनावों में सत्तारूढ़ यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (यूडीएफ) को कई इलाकों में झटका लगा है। 38 वार्डों में हुए उपचुनाव के परिणामों में यूडीएफ ने 19 सीटें जीतीं, जबकि लेफ्ट डेमोक्रेटिक फ्रंट (एलडीएफ) को 18 सीटें मिलीं। ट्वेंटी20 ने एक सीट पर जीत दर्ज की। उपचुनाव से पहले इन 38 सीटों में यूडीएफ के पास 22 और एलडीएफ के पास 15 सीटें थीं।
नतीजों में दोनों प्रमुख गठबंधनों के बीच कई सीटों का आदान-प्रदान देखने को मिला। एलडीएफ ने तिरुवनंतपुरम, कोट्टायम, पलक्कड़ और कन्नूर सहित कई जिलों में सीटें हासिल कीं। वहीं, यूडीएफ भी वाम मोर्चे से कुछ वार्ड छीनने में सफल रहा।
पलक्कड़ के चित्तूर में मुकाबला बेहद दिलचस्प रहा। यह सीट विधायक सुमेश अच्युतन के चुनाव जीतने के बाद खाली हुई थी। यहां एलडीएफ और यूडीएफ उम्मीदवारों को 423-423 वोट मिले, जिससे मुकाबला बराबरी पर रहा। इसके बाद विजेता तय करने के लिए लॉटरी कराई गई, जिसमें एलडीएफ के तुलसीधरन विजयी रहे।
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कोट्टायम जिला पंचायत के त्रिक्कोडिथानम डिवीजन में भी एलडीएफ ने महत्वपूर्ण जीत दर्ज की। यह सीट केरल कांग्रेस नेता विनु जॉब के विधायक बनने के बाद खाली हुई थी। मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी की मंजू सुजीत ने 2,140 वोटों के अंतर से जीत हासिल की और यूडीएफ को झटका दिया।
राजधानी तिरुवनंतपुरम में भी यूडीएफ को नुकसान हुआ। गठबंधन ने मंगलापुरम और अंजुथेंगु में सीटें गंवाईं। वहीं, यूडीएफ ने इडुक्की के मट्टोम वार्ड-9 और चंगनाशेरी के कुन्नमथानम वार्ड-2 जैसी एलडीएफ की सीटों पर कब्जा किया। पलक्कड़ के श्रीकृष्णपुरम और त्रिशूर के चेलक्करा में भी यूडीएफ ने जीत दर्ज की।
पथनमथिट्टा में यूडीएफ ने सभी चार उपचुनाव वाली सीटें जीत लीं। विधायकों के इस्तीफे के बाद खाली हुई आठ सीटों में से यूडीएफ ने छह सीटें बरकरार रखीं। एर्नाकुलम में भाजपा के समर्थन से ट्वेंटी20 ने कोलेनचेरी ईस्ट सीट जीती।
कुल मिलाकर, 38 सीटों के परिणामों में यूडीएफ 19, एलडीएफ 18 और ट्वेंटी20 एक सीट पर विजयी रहा।
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