भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के अनुसार हिमाचल प्रदेश में 3 जून की शाम से एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने की संभावना है। इसके प्रभाव से राज्य के कई जिलों में 6 जून तक रुक-रुक कर बारिश और गरज-चमक के साथ मौसम बदलने की संभावना जताई गई है।
मौसम विभाग ने बताया कि इस सिस्टम के कारण पहाड़ी क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है, जबकि कुछ स्थानों पर तेज हवाओं और आंधी-तूफान की स्थिति भी बन सकती है। इससे तापमान में गिरावट आने और मौसम सुहावना होने की संभावना है।
आईएमडी ने यह भी संकेत दिया है कि इस बार मानसून की गति अपेक्षाकृत कमजोर रह सकती है। इसके चलते सामान्य बारिश पैटर्न प्रभावित होने की आशंका जताई जा रही है, जिसका असर कृषि और जल संसाधनों पर भी पड़ सकता है।
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मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ का असर खासकर शिमला, मंडी, कांगड़ा, कुल्लू और आसपास के इलाकों में अधिक देखने को मिल सकता है। प्रशासन को भी अलर्ट रहने की सलाह दी गई है ताकि किसी भी आपात स्थिति से निपटा जा सके।
स्थानीय लोगों और पर्यटकों को भी सतर्क रहने की सलाह दी गई है, खासकर पहाड़ी इलाकों में यात्रा के दौरान सावधानी बरतने की आवश्यकता है। बारिश के कारण भूस्खलन और सड़क बाधित होने जैसी घटनाओं की संभावना से भी इनकार नहीं किया गया है।
कुल मिलाकर आने वाले कुछ दिनों तक हिमाचल प्रदेश का मौसम बदलता हुआ रहेगा और लोगों को मौसम विभाग की चेतावनियों का पालन करने की सलाह दी गई है।
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