पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा (LeT) के वरिष्ठ कमांडर शेख अफरीदी की अज्ञात हमलावर द्वारा हत्या कर दी गई है। रिपोर्ट के अनुसार, यह हमला एक सुनियोजित टारगेटेड किलिंग माना जा रहा है।
बताया जा रहा है कि शेख अफरीदी संगठन के क्षेत्रीय नेटवर्क में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाता था और उसे स्थानीय स्तर पर प्रभावशाली नेता माना जाता था। वह लश्कर-ए-तैयबा के संस्थापक हाफिज सईद का करीबी सहयोगी भी बताया जाता है।
सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार, हमले की प्रकृति और परिस्थितियों को देखते हुए इसे लक्षित कार्रवाई के रूप में देखा जा रहा है। यह घटना पाकिस्तान में सक्रिय आतंकी संगठनों से जुड़े लोगों पर हाल के समय में हुए हमलों की श्रृंखला का हिस्सा मानी जा रही है।
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इससे पहले अप्रैल में लाहौर में लश्कर-ए-तैयबा के सह-संस्थापक आमिर हमजा पर भी अज्ञात हमलावरों ने हमला किया था, जिसमें उनके गंभीर रूप से घायल होने की खबर सामने आई थी। कुछ रिपोर्ट में उनकी मौत की भी आशंका जताई गई थी।
वहीं, मार्च में जैश-ए-मोहम्मद प्रमुख मसूद अजहर के भाई मोहम्मद ताहिर अनवर की भी संदिग्ध परिस्थितियों में पाकिस्तान में मौत हुई थी।
शेख अफरीदी के बारे में बताया जाता है कि वह खैबर क्षेत्र के अफरीदी जनजाति से संबंध रखता था और स्थानीय नेटवर्क में उसकी मजबूत पकड़ थी। वह संगठन के लिए लोगों की भर्ती करने, विचारधारा फैलाने और गतिविधियों के समन्वय में सक्रिय भूमिका निभाता था।
सुरक्षा एजेंसियों को शक था कि वह जम्मू-कश्मीर से जुड़े अभियानों में भी शामिल रहा है।
यह घटनाक्रम पाकिस्तान में आतंकी संगठनों के भीतर बढ़ती अस्थिरता और आंतरिक संघर्ष की ओर इशारा करता है।
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