पूर्व मणिपुर मुख्यमंत्री एन. बीरेन सिंह ने शुक्रवार (16 जनवरी 2026) देर रात दिल्ली में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात की। सूत्रों के अनुसार, इस बैठक का मुख्य उद्देश्य राज्य में लोकप्रिय सरकार की बहाली से पहले “अनुकूल माहौल” तैयार करना और जटिलताओं को दूर करना था।
पूर्व मुख्यमंत्री के करीबी सूत्रों ने बताया कि बैठक में दोनों नेताओं ने “सामान्य और नियमित मामलों” पर चर्चा की। यह एक महीने के भीतर दूसरी ऐसी बैठक थी। सूत्रों ने यह भी कहा कि इस दौरान कोई नीतिगत घोषणा या गंभीर फैसले सामने नहीं आए, बल्कि बातचीत मुख्य रूप से रणनीतिक और प्रशासनिक मुद्दों पर केंद्रित रही।
एक सरकारी अधिकारी ने बताया कि बैठक का स्वरूप “रूटीन” का था और इसमें भविष्य में राज्य में सरकार के सुचारू संचालन के लिए आवश्यक परिस्थितियों पर विचार किया गया।
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सूत्रों का कहना है कि मणिपुर की राजनीतिक स्थिरता बनाए रखने के लिए दोनों नेताओं ने संभावित चुनौतियों और उनके समाधान पर भी चर्चा की। यह कदम इस बात का संकेत माना जा रहा है कि केंद्र सरकार और स्थानीय नेतृत्व मिलकर राज्य में शासन बहाली को सहज और शांतिपूर्ण बनाने का प्रयास कर रहे हैं।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि ऐसी बैठकों का उद्देश्य मतभेदों को सुलझाना और सत्ता के हस्तांतरण के समय संभावित विवादों को कम करना होता है। बीरेन सिंह और अमित शाह की यह बैठक उसी दिशा में एक रणनीतिक पहल के रूप में देखी जा रही है।
बैठक के बाद दोनों नेताओं ने मीडिया से कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया, लेकिन राजनीतिक पंडितों का कहना है कि राज्य में सरकार की बहाली के लिए यह बैठक महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
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