बिहार विधान परिषद (MLC) चुनाव में पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से जीत दर्ज करने के बाद जनता दल (यूनाइटेड) के नेता नीरज कुमार ने खुशी जताते हुए कहा कि इस चुनाव में पैसे की ताक़त को शिकस्त मिली है। पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को लेकर कहा कि नीतीश कुमार पार्टी में उनके नेता ही नहीं, बल्कि उनके संरक्षक (अभिभावक) भी हैं।
नीरज कुमार ने कहा, "नीतीश कुमार केवल पार्टी के नेता नहीं हैं, वे मेरे अभिभावक भी हैं। मैं नीतीश कुमार और उनके बड़े भाई से मिला...उनका आशीर्वाद ही मेरी असली पूंजी है...पैसे की ताक़त हार गई और कार्यकर्ताओं की ताक़त की जीत हुई।"
इस चुनाव में नीरज कुमार के अलावा अन्य उम्मीदवारों ने भी अपनी-अपनी सीटों पर जीत का जश्न मनाया। तिरहुत स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से निर्दलीय उम्मीदवार बंशीधर ब्रजवासी ने जीत के बाद कहा कि वे सरकार को जवाबदेह ठहराने की अपनी जिम्मेदारी निभाएंगे। उन्होंने पत्रकारों से कहा, "सभी को बधाई और सबका धन्यवाद। यह जीत किसी व्यक्ति विशेष की नहीं है। संघर्ष से प्रेम करने वाले सभी लोगों ने मुझे सरकार से सवाल पूछने के लिए सदन में भेजा है। मैं इस जिम्मेदारी पर खरा उतरने का प्रयास करता रहूंगा।"
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वहीं, आगरा खंड स्नातक सीट जीतने के बाद भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के उम्मीदवार मानवेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि उत्तर प्रदेश का युवा पार्टी के साथ मजबूती से खड़ा है। उन्होंने कहा, "प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भाजपा विकास के लिए काम कर रही है। किए गए सभी कार्यों के साथ उत्तर प्रदेश का युवा भाजपा के साथ मजबूती से खड़ा है।"
बिहार विधान परिषद चुनाव के अन्य नतीजों की बात करें तो तिरहुत शिक्षक सीट पर भाजपा ने जीत दर्ज की, जबकि पटना शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में राष्ट्रीय जनता दल (राजद) ने पांच बार के भाजपा एमएलसी नवल किशोर यादव को हराया। सारण शिक्षक सीट पर निर्दलीय उम्मीदवार राहुल राज ने मौजूदा एमएलसी अफाक अहमद को पराजित किया। पटना स्नातक सीट पर जदयू उम्मीदवार नीरज कुमार ने राजद उम्मीदवार को हराया, जबकि जन सुराज पार्टी (जेएसपी) के उम्मीदवार अनुज सिंह तीसरे स्थान पर रहे।
इसके अलावा, दरभंगा शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में जन सुराज पार्टी के उम्मीदवार सुरेश प्रसाद राय ने कांग्रेस के मौजूदा एमएलसी मदन मोहन झा को 324 मतों के अंतर से हराकर विधान परिषद चुनाव में पार्टी का खाता खोला।
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