कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने परीक्षा संबंधी समस्याओं और तकनीकी खामियों को लेकर केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि लगातार सामने आ रही परीक्षा अव्यवस्थाओं के कारण देश के करोड़ों छात्रों का भविष्य प्रभावित हो रहा है और युवाओं का शिक्षा व्यवस्था पर भरोसा कमजोर पड़ रहा है।
राहुल गांधी की यह प्रतिक्रिया उस समय आई है जब राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) ने स्वीकार किया कि 30 मई को आयोजित सीयूईटी-यूजी 2026 परीक्षा के दौरान कुछ परीक्षा केंद्रों पर तकनीकी गड़बड़ियां सामने आई थीं। एनटीए के अनुसार, यह समस्या उसकी सेवा प्रदाता कंपनी टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीएस) की तकनीकी खराबी के कारण उत्पन्न हुई।
राहुल गांधी ने कहा कि देश में लगातार विभिन्न प्रतियोगी और प्रवेश परीक्षाओं को लेकर विवाद सामने आ रहे हैं। कभी प्रश्नपत्र लीक होने की घटनाएं सामने आती हैं तो कभी तकनीकी गड़बड़ियों के कारण परीक्षाएं प्रभावित होती हैं। इससे छात्रों और उनके परिवारों को भारी मानसिक तनाव का सामना करना पड़ता है।
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उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार शिक्षा और परीक्षा प्रणाली को सुचारु रूप से संचालित करने में विफल रही है। राहुल गांधी ने कहा कि लाखों छात्र वर्षों की मेहनत और तैयारी के बाद परीक्षाओं में शामिल होते हैं, लेकिन प्रशासनिक लापरवाही और तकनीकी खामियों के कारण उनकी मेहनत प्रभावित होती है।
कांग्रेस नेता ने मांग की कि परीक्षा प्रणाली को अधिक पारदर्शी, विश्वसनीय और जवाबदेह बनाया जाए ताकि छात्रों के भविष्य के साथ किसी भी प्रकार का खिलवाड़ न हो।
इस बीच, एनटीए ने कहा है कि प्रभावित केंद्रों की स्थिति की समीक्षा की जा रही है और छात्रों को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
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