महाराष्ट्र में मुंबई के पास नालासोपारा-वसई लिंक रोड स्थित इम्पीरियल हाइट्स इमारत में आधी रात के करीब भीषण आग लगने से दो महिलाओं की मौत हो गई। मृतकों की पहचान फाल्गुनी शाह और अश्विनी पारकर के रूप में हुई है। दोनों की उम्र 50 वर्ष के आसपास बताई गई है। शुरुआती जानकारी के अनुसार, आग से निकले घने धुएं के कारण दम घुटने से उनकी मौत होने की आशंका है। हालांकि, मौत का सटीक कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट होगा।
आग लगने के बाद इमारत में अफरा-तफरी मच गई। लपटें तेजी से फैलने लगीं और बड़ी मात्रा में धुआं उठने लगा। इससे वहां रहने वाले लोगों में दहशत फैल गई। सूचना मिलने पर वसई-विरार नगर निगम की अग्निशमन टीम मौके पर पहुंची और बचाव अभियान शुरू किया।
दमकल कर्मियों ने क्रेन की मदद से 14वीं मंजिल पर फंसे चार अन्य लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला। तुलिंज अस्पताल की प्रभारी डॉ. कविता जगदा ने शुरुआती जानकारी में धुएं के कारण दम घुटने की आशंका जताई। घटना की वास्तविक वजह का पता लगाने के लिए संबंधित विभाग जांच कर रहे हैं।
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पूर्व महापौर रुपेश जाधव भी सूचना मिलने के बाद घटनास्थल पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। अधिकारियों के अनुसार, आग लगने के कारणों की जांच जारी है। विस्तृत जानकारी जांच पूरी होने के बाद सामने आने की उम्मीद है।
मुलुंड में भी श्रमिक शिविर में लगी थी भीषण आग
मुंबई के मुलुंड पूर्व स्थित टाटा कॉलोनी में आठ अक्टूबर को भी एक श्रमिक शिविर में भीषण आग लग गई थी। यह शिविर बृहन्मुंबई नगर निगम की परियोजना प्रभावित लोगों के पुनर्वास से जुड़ी परियोजना के परिसर में स्थित था। यहां धारावी से विस्थापित परिवारों के पुनर्वास के लिए आवासीय परियोजना विकसित की जा रही है।
पुलिस के अनुसार, आग लगने के पीछे गैस सिलेंडर विस्फोट की आशंका थी। पुलिस उपायुक्त अभयसिंह देशमुख ने बताया कि घटना के दौरान सात गैस सिलेंडर फट गए थे। करीब 15 दमकल गाड़ियां, एंबुलेंस और पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे थे। शिविर में मौजूद सभी लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया था। उस घटना में किसी की मौत या घायल होने की सूचना नहीं मिली थी। आग के कारणों की जांच की जा रही है।
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