ब्लैक सी में एक कमर्शियल जहाज पर फिर हमला हुआ है। इस बार एमवी रोयाड मम्मादोव को निशाना बनाया गया। हमले में दो विदेशी क्रू मेंबर्स की मौत हो गई, जबकि जहाज पर मौजूद तीन भारतीय क्रू सदस्य सुरक्षित बच गए। तीनों भारतीय नागरिकों को रोमानिया के अस्पताल में चिकित्सा सहायता दी जा रही है। इनमें से एक भारतीय क्रू सदस्य घायल हुआ है, जिसका इलाज जारी है।
रोमानिया स्थित भारतीय दूतावास ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि हमले के बाद घायल क्रू सदस्यों को इलाज के लिए रोमानिया ले जाया गया। दूतावास ने बाद में स्पष्ट किया कि तीनों भारतीय नागरिक सुरक्षित हैं। भारतीय मिशन अस्पताल के अधिकारियों के लगातार संपर्क में है और घायलों को आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई जा रही है।
रोमानिया में भारत के राजदूत मनोज मोहपात्रा ने कॉन्स्टांटा काउंटी अस्पताल में भर्ती तीनों भारतीय नागरिकों से बातचीत की। अस्पताल के मुख्य चिकित्सक ने उन्हें बताया कि सभी भारतीयों की स्थिति अच्छी है और उन्हें जरूरी चिकित्सा सुविधाएं दी जा रही हैं। भारतीय दूतावास ने कहा कि वह अस्पताल और संबंधित अधिकारियों के संपर्क में बना हुआ है।
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यह घटना ऐसे समय हुई है जब ब्लैक सी, रेड सी और फारस की खाड़ी जैसे महत्वपूर्ण समुद्री मार्गों पर कमर्शियल जहाजों और नाविकों की सुरक्षा को लेकर चिंताएं बढ़ी हैं।
विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने हाल ही में संयुक्त राष्ट्र महासभा के 81वें सत्र में समुद्री मार्गों पर कमर्शियल शिपिंग और नाविकों पर हो रहे हमलों का मुद्दा उठाया था। उन्होंने कहा था कि खाड़ी, लाल सागर और काले सागर में जहाजों और नाविकों पर हमले पूरी तरह अस्वीकार्य हैं। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय कानून का पालन करने और समुद्री परिवहन की सुरक्षा सुनिश्चित करने की जरूरत पर जोर दिया।
जयशंकर ने यह भी बताया था कि भारत, लाइबेरिया और 23 साझेदार देशों के साथ कमर्शियल शिपिंग मार्गों की सुरक्षा के लिए अंतरराष्ट्रीय प्रयासों में शामिल है। उन्होंने तनाव कम करने और वैश्विक व्यापार तथा ऊर्जा आपूर्ति को बिना रुकावट जारी रखने की अपील की थी।
इससे पहले सितंबर में ओमान के तट के पास भारतीय जहाज एमटी एल गैया पर भी हमला हुआ था। जहाज में 14 भारतीय क्रू सदस्य थे। इनमें से 13 को बचा लिया गया था, जबकि एक सदस्य लापता हो गया था। भारत ने उस घटना की कड़ी निंदा की थी।
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