यूक्रेन ने रविवार को रूस पर अब तक का सबसे बड़ा ड्रोन हमला किया। यूक्रेनी सेना ने रूस की ओर 1,600 से ज्यादा ड्रोन लॉन्च किए। रूसी अधिकारियों ने इसे “अभूतपूर्व” हमला बताया है। उनके अनुसार, हमले में राजधानी मॉस्को के अलग-अलग इलाकों में दो लोगों की मौत हो गई।
यह हमला ऐसे समय हुआ जब रूस में संसदीय चुनाव चल रहे थे। मॉस्को के मेयर सर्गेई सोबयानिन ने कहा कि हमले का उद्देश्य चुनाव प्रक्रिया को बाधित करना था, लेकिन दुश्मन इसमें सफल नहीं हुआ। रूसी सेना के मुताबिक, 1,600 से ज्यादा ड्रोन को रोका गया, जिनमें करीब 450 ड्रोन मॉस्को को निशाना बनाकर भेजे गए थे। हमले में 74 वर्षीय एक व्यक्ति और 44 वर्षीय एक महिला की मौत हुई।
यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने कहा कि ड्रोन हमलों में रूस के महत्वपूर्ण तेल उद्योग और लॉजिस्टिक्स प्रतिष्ठानों को निशाना बनाया गया। जेलेंस्की ने यूक्रेनी सेना की “सटीक कार्रवाई” की सराहना भी की।
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उन्होंने कहा कि मॉस्को क्षेत्र में यूक्रेन के लंबी दूरी के हमलों का काफी प्रभाव पड़ा है। उनके मुताबिक, इन हमलों ने रूस की युद्ध मशीन को आर्थिक नुकसान पहुंचाया है। जेलेंस्की ने कहा कि रूस को युद्ध समाप्त कर शांति का रास्ता चुनना चाहिए।
रूस में हो रहे संसदीय चुनाव
रूस में यह संसदीय चुनाव फरवरी 2022 में यूक्रेन संघर्ष शुरू होने के बाद पहली बार हो रहे हैं। चुनाव में केवल उन्हीं दलों को भाग लेने की अनुमति मिली है, जो राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और क्रेमलिन के सैन्य अभियान का समर्थन करते हैं।
रूस ने कब्जे वाले यूक्रेनी क्षेत्रों में भी मतदान कराया है। वहीं, यूक्रेन ने हाल के महीनों में रूस के खिलाफ लंबी दूरी के ड्रोन हमले तेज किए हैं। खासतौर पर ऊर्जा ढांचे को निशाना बनाया जा रहा है, क्योंकि यह क्रेमलिन के युद्ध खर्च के लिए महत्वपूर्ण राजस्व स्रोत है।
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