देश की अग्रणी सार्वजनिक क्षेत्र की इंजीनियरिंग कंपनी भारत हैवी इलेक्ट्रिकल्स लिमिटेड (BHEL) पर बीएसई (BSE) और एनएसई (NSE) ने नियमों के उल्लंघन के लिए प्रत्येक ₹5.36 लाख का जुर्माना लगाया है। यह कार्रवाई कंपनी में स्वतंत्र निदेशकों की नियुक्ति से जुड़े नियामकीय मानकों के पालन न करने के कारण की गई है।
कंपनी की ओर से दिए गए नियामकीय फाइलिंग में बताया गया है कि बीएचईएल नियमित रूप से सरकार से परामर्श कर रही है ताकि कंपनी बोर्ड में आवश्यक संख्या में स्वतंत्र निदेशक नियुक्त किए जा सकें और कॉर्पोरेट गवर्नेंस के सभी मानकों का पालन सुनिश्चित किया जा सके।
भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (SEBI) के नियमों के अनुसार, सूचीबद्ध कंपनियों के बोर्ड में निश्चित संख्या में स्वतंत्र निदेशकों की नियुक्ति अनिवार्य है। इन निदेशकों की अनुपस्थिति या संख्या में कमी को नियम उल्लंघन माना जाता है।
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बीएसई और एनएसई ने अपने नोटिस में स्पष्ट किया कि बीएचईएल को समय पर इन नियमों का पालन करना चाहिए था और नियामकीय व्यवस्था को बनाए रखने के लिए जुर्माना की भी व्यवस्था होनी चाहिए।
बीएचईएल ने कहा कि वह सरकार के साथ लगातार बातचीत कर रही है ताकि नियुक्तियों की प्रक्रिया पूरी हो सके और भविष्य में किसी प्रकार के उल्लंघन की स्थिति न आए।
इस कार्रवाई के बाद कॉर्पोरेट जगत में यह संदेश गया है कि नियामकीय अनुपालन में ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
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