पुणे और पिंपरी-चिंचवड़ नगर निगम चुनाव में भाजपा के शानदार प्रदर्शन के एक दिन बाद, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने शनिवार को कहा कि मतदाताओं ने उपमुख्यमंत्री अजित पवार को नकारा नहीं है, बल्कि उन्हें “उचित और करारा जवाब” दिया है। यह जवाब भाजपा के पुणे सांसद मुरलीधर मोहोल और भोसरी से विधायक महेश लांडगे के जरिए मिला, जिन्हें चुनाव प्रचार के दौरान अजित पवार ने निशाने पर लिया था।
मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा कि इस चुनावी परिणाम से यह स्पष्ट होता है कि जनता ने भाजपा के विकास और सुशासन के विजन पर भरोसा जताया है, साथ ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भी विश्वास व्यक्त किया है। उन्होंने कहा, “मैं यह नहीं कहूंगा कि लोगों ने दादा को नकार दिया है, बल्कि उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी, भाजपा और हमारे नेतृत्व को स्वीकार किया है।”
फडणवीस से जब रविवार को पुणे में यह सवाल पूछा गया कि क्या पुणे की जनता ने अजित पवार को खारिज कर दिया है, तो उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि ऐसा कहना सही नहीं होगा। उन्होंने यह भी दोहराया कि चुनाव परिणाम किसी व्यक्ति के खिलाफ नहीं, बल्कि भाजपा के सकारात्मक एजेंडे के समर्थन में आए हैं।
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गौरतलब है कि नगर निगम चुनावों के दौरान अजित पवार ने भाजपा के कुछ नेताओं, खासकर मुरलीधर मोहोल और महेश लांडगे पर तीखे हमले किए थे। इसके जवाब में भाजपा ने स्थानीय मुद्दों के साथ विकास और स्थिर प्रशासन को अपना प्रमुख चुनावी मुद्दा बनाया। नतीजों में भाजपा को स्पष्ट बढ़त मिली, जिसे पार्टी नेतृत्व ने जनता के भरोसे की जीत बताया।
मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि यह जनादेश महाराष्ट्र में भाजपा की नीतियों और केंद्र सरकार की योजनाओं को लेकर लोगों के भरोसे को दर्शाता है। उन्होंने दावा किया कि आगामी चुनावों में भी भाजपा इसी विकास मॉडल और सुशासन के आधार पर जनता के बीच जाएगी।
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