एशियाई खेल 2026 में भारतीय दल ने कुल 85 पदकों के साथ चौथा स्थान हासिल किया। भारत ने 21 स्वर्ण, 27 रजत और 37 कांस्य पदक जीते। यह एशियाई खेलों में भारत का अब तक का दूसरा सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन रहा। इससे पहले 2023 में भारत ने 107 पदक जीतकर अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया था, जबकि 2018 में 70 पदक मिले थे।
भारत के प्रदर्शन में कई उपलब्धियां खास रहीं।
1. महिलाओं का शानदार प्रदर्शन: भारतीय महिला खिलाड़ियों ने 11 स्वर्ण पदक जीते, जबकि पुरुषों ने सात स्वर्ण हासिल किए। हालांकि दोनों वर्गों ने कुल 38-38 पदक जीते।
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2. हॉकी में दबदबा: भारत की पुरुष और महिला दोनों टीमों ने स्वर्ण पदक जीता। महिला टीम ने चीन को हराकर 44 साल का स्वर्ण पदक सूखा खत्म किया और एलए-2028 ओलंपिक का कोटा भी हासिल किया।
3. प्रणवी उर्स का इतिहास: प्रणवी उर्स एशियाई खेलों में व्यक्तिगत स्वर्ण पदक जीतने वाली पहली भारतीय महिला गोल्फर बनीं।
4. ट्रैप शूटिंग में ऐतिहासिक स्वर्ण: नीरू धांडा ट्रैप शूटिंग में भारत के लिए स्वर्ण जीतने वाली पहली महिला बनीं। उन्होंने 48 साल का इंतजार खत्म किया।
5. विथ्या रामराज का रिकॉर्ड: विथ्या रामराज ने महिलाओं की 400 मीटर बाधा दौड़ में पी.टी. उषा का 42 साल पुराना रिकॉर्ड तोड़ दिया। उन्होंने 54.75 सेकंड का समय दर्ज किया।
6. क्रिकेट में दो स्वर्ण: भारतीय महिला टीम ने श्रीलंका को हराकर स्वर्ण जीता, जबकि पुरुष टीम ने फाइनल में पाकिस्तान को हराकर स्वर्ण पदक अपने नाम किया।
7. एमएमए में पहला पदक: सुचिका तारियाल ने कांस्य जीतकर एशियाई खेलों में भारत के लिए एमएमए का पहला पदक हासिल किया।
8. तीरंदाजी में शानदार प्रदर्शन: कुमकुम मोहोड़ ने महिला रिकर्व में स्वर्ण जीता। भारत ने तीरंदाजी में कुल नौ पदक हासिल किए, जिनमें पांच स्वर्ण शामिल रहे।
9. मुक्केबाजी में छह पदक: भारत ने तीन स्वर्ण और तीन कांस्य सहित छह पदक जीते। लवलीना बोरगोहेन, परवीन हुड्डा और अंकुश पंघाल ने स्वर्ण पदक जीते।
10. दूसरा सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन: 21 स्वर्ण सहित 85 पदकों के साथ चौथा स्थान भारत के एशियाई खेल इतिहास का दूसरा सर्वश्रेष्ठ परिणाम रहा।
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