भाजपा सांसद और वरिष्ठ अभिनेत्री हेमा मालिनी ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी के उस बयान की कड़ी आलोचना की है, जिसमें उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को “जादूगर” कहा था। हेमा मालिनी ने इस टिप्पणी को अमर्यादित और संसद की गरिमा के खिलाफ बताया है।
हेमा मालिनी ने कहा कि संसद जैसे महत्वपूर्ण लोकतांत्रिक मंच पर इस तरह की भाषा का उपयोग उचित नहीं है। उन्होंने स्पष्ट किया कि राजनीतिक बहस में मतभेद होना स्वाभाविक है, लेकिन व्यक्तिगत टिप्पणियां और अपमानजनक शब्दों का प्रयोग संसदीय मर्यादा का उल्लंघन है।
राहुल गांधी द्वारा दिए गए बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए हेमा मालिनी ने कहा कि ऐसे शब्द न केवल अनावश्यक हैं, बल्कि यह जनता के बीच गलत संदेश भी देते हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि संसद में गंभीर मुद्दों पर चर्चा होनी चाहिए, न कि इस प्रकार की बयानबाजी।
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भाजपा सांसद ने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देश के विकास और नीतिगत निर्णयों पर काम कर रहे हैं, ऐसे में उन्हें लेकर इस तरह की टिप्पणी करना उचित नहीं है।
राजनीतिक हलकों में इस बयान के बाद फिर से सियासी बहस तेज हो गई है। भाजपा और कांग्रेस के बीच शब्दों की यह जंग लगातार जारी है, जिससे संसद के भीतर और बाहर माहौल गरमाया हुआ है।
विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे बयान राजनीतिक तनाव को और बढ़ाते हैं और जनता का ध्यान असली मुद्दों से भटकाते हैं। फिलहाल इस विवाद पर दोनों दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप का सिलसिला जारी है।
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