कर्नाटक के मंगलुरु में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दो अलग-अलग निर्माण स्थलों से 11 संदिग्ध अवैध बांग्लादेशी नागरिकों को हिरासत में लिया है। पुलिस के अनुसार, सभी लोगों के दस्तावेजों और भारत में रहने की वैधता की जांच की जा रही है।
मंगलुरु शहर के पुलिस आयुक्त सुधीर कुमार रेड्डी ने इस कार्रवाई की पुष्टि करते हुए बताया कि हिरासत में लिए गए लोगों में एक निर्माण स्थल से तीन और दूसरे स्थल से आठ व्यक्ति शामिल हैं। पुलिस फिलहाल सभी से पूछताछ कर रही है और उनकी पहचान तथा नागरिकता से जुड़े दस्तावेजों का सत्यापन किया जा रहा है।
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि ये लोग निर्माण कार्यों में मजदूर के रूप में काम कर रहे थे। हालांकि, उनके पास वैध यात्रा या पहचान संबंधी दस्तावेज उपलब्ध नहीं होने के कारण उन्हें हिरासत में लिया गया। अधिकारियों का कहना है कि दस्तावेजों की जांच पूरी होने के बाद ही उनकी वास्तविक नागरिकता और भारत में प्रवेश की परिस्थितियों का पता चल सकेगा।
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पुलिस ने बताया कि हाल के दिनों में अवैध रूप से रह रहे विदेशी नागरिकों की पहचान के लिए विभिन्न जिलों में विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत निर्माण स्थलों और अन्य संवेदनशील क्षेत्रों में जांच की जा रही है।
अधिकारियों के अनुसार, यदि जांच में यह पुष्टि होती है कि संबंधित व्यक्ति अवैध रूप से भारत में रह रहे थे, तो उनके खिलाफ विदेशी नागरिकों से संबंधित प्रावधानों के तहत कानूनी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही यह भी जांच की जाएगी कि उन्हें रोजगार किसने उपलब्ध कराया और क्या स्थानीय स्तर पर किसी प्रकार की मदद मिली थी।
पुलिस ने निर्माण कंपनियों और ठेकेदारों से भी अपील की है कि वे किसी भी श्रमिक को काम पर रखने से पहले उसके पहचान पत्र और अन्य आवश्यक दस्तावेजों का सत्यापन अवश्य करें।
फिलहाल मामले की विस्तृत जांच जारी है और सुरक्षा एजेंसियां हिरासत में लिए गए सभी लोगों के पृष्ठभूमि तथा संभावित नेटवर्क की भी जांच कर रही हैं।
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